आज रोहतक के बहुचर्चित जाट कॉलेज अखाड़ा हत्याकांड में हुए 6 लोगों के मर्डर के हत्यारोपी सुखविंद्र की पेशी हुई जिसमें दोनों पक्षों की बहस पूरी हुई। मामले में गुरुवार को आखिरी बहस हुई थी। शुक्रवार यानि आज फिजिकली तौर पर सुखविंद्र और उसको हथियार मुहैया करवाने वाले आरोपी मनोज निवासी मुज्जफरनगर यूपी को कोर्ट में पेश किया गया। सुरक्षा के मद्देनजर दोनों आरोपियों को एंबुलेंस में कोर्ट लाया गया, ताकि किसी को भनक न लगे।
पेशी के दौरान दोनों आरोपियों के मुंह पूरी तरह लटके हुए थे। करीब डेढ़ घंटे तक कोर्ट में कार्रवाई चली, जिसके बाद अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. गगनगीत कौर की कोर्ट ने दोनों आरोपियों पर आरोप तय कर दिए। साथ ही मामले में अगली तारीख 31 जनवरी 2022 की दी गई। शिकायतकर्ता पक्ष के अधिवक्ता जय हुड्डा ने बताया कि अब अगली तारीख से तय आरोपों पर गवाही शुरू होगी।
यह था पूरा मामला
जाट कॉलेज अखाड़ा के सीनियर कोच मनोज मलिक व उसकी पत्नी साक्षी मलिक ने आरोपी कोच सुखविंदर को उसके खिलाफ मिल रही शिकायतों के कारण अखाड़े में आने से मना किया था। मनोज मलिक जाट कॉलेज में डीपी के पद पर कार्यरत थे। कॉलेज के पीछे बना अखाड़ा भी मनोज की देखरेख में चलता था। इसी अखाड़े में सुखविंदर भी कोचिंग देता था। वारदात के करीब 5 माह पहले दो महिला खिलाड़ियों ने मनोज से सुखविंदर की शिकायत की थी। शिकायत मिलने के बाद मनोज ने सुखविंदर को मना कर दिया था कि वह कोचिंग देने अखाड़े में न आए। इसी रंजिश के चलते मनोज और साक्षी की हत्या की गई थी। इनके तीन साल के बेटे सरताज की किसी के साथ कोई दुश्मनी नहीं थी। लेकिन उसके सिर में भी गोली मारी गई थी, जो आंख से आर-पार हो गई थी। सरताज 4 दिन तक अपनी जिंदगी की लड़ाई लड़ता-लड़ता दम तोड़ गया था।

