रोहतक में डीसी कार्यालय के बाहर किसानों ने किसान सभा के बैनर तले मुआवजे की मांग को लेकर शुक्रवार को धरना दिया। वहीं सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। किसानों ने कहा कि मुआवजा समय पर नहीं मिलने के कारण वे धरना प्रदर्शन करने को मजबूर हैं। साथ ही चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों का समाधान नहीं किया गया तो विधानसभा चुनाव में नेता उनके दर पर ही वोट मांगने आएंगे। विधानसभा चुनाव में उनसे जवाब तलब किया जाएगा।
किसान सभा महासचिव सुमित दलाल ने बताया कि किसानों के फसल खराबे के मुआवजे के मामले लंबे समय से लंबित है। इसी तरह फसल बीमा योजना में किसानों को क्लेम देने के मामले भी लटके हुए है। इनका समाधान ना होने से किसान मुआवजे से वंचित हो रहे है। साथ ही किसानों में सरकार के प्रति रोष भी है। उन्होंने कहा कि वे अपनी मांगों को लेकर कई बार अधिकारियों से मिल चुके हैं, लेकिन मांगो का समाधान नहीं हो रहा। इसलिए किसानों ने डीसी कार्यालय के बाद धरना दिया। अगर अभी भी समाधान नहीं हुआ तो वह बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
उन्होंने बताया कि किसानों की मांग है कि रबी 2022 का बकाया 7 करोड़ मुआवजा किसानों के खातों में डाला जाएं। खरीफ 2023 का लाखनमाजरा ब्लॉक का 59 लाख 90 हजार रुपए वापिस गए, उसे जल्द मंगवाकर किसानों के खातों में डाला जाएं। रबी 2023 का ओलावृष्टि का लगभग 20 करोड़ का खरेंटी, चांदी, भगवतीपुर, टिटोली, सुंदरपुर, समरगोपालपुर, गिरावड़ , ब्रहामनवास, बलम, बनियानी, गरनावठी, ककराना, मडोधी, आवल, कहानौर, निगाना, पटवापुर, तैमूरपुर, मसूदपुर आदि गावों का मुआवजा सरकार से मंजूर करवा किसानों को दिया जाएं। बीमा क्लेम जल्द किसानों को दिए जाएं।
