हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन(संबंधित सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा)के आह्वान पर आज अंबाला कैंट बस स्टैंड पर कर्मचारियों की विभिन्न मांगों को लेकर हरियाणा रोडवेज के हजारों कर्मचारियों द्वारा मांस डेपूटेशन / प्रदर्शन करके परिवहन परिवहन मंत्री को ज्ञापन सौंपा गया। परिवहन मंत्री अनिल विज ने कर्मचारियों के बिच आकर 9 जून को हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन सम्बंधित सर्व कर्मचारी संघ के साथ लम्बित मांगों को लेकर मीटिंग करने की घोषणा की। परिवहन मंत्री ने कहा बैठक में परिवहन विभाग के सभी उच्च अधिकारी उपस्थित रहेंगे व मांगों का समाधान करेंगे। प्रदर्शन से पहले जनसभा की जिसकी अध्यक्षता राज्य प्रधान नरेंद्र दिनोद ने की एवं मंच संचालन महासचिव सुमेर सिवाच ने किया। ज्ञापन देने के लिए अंबाला कैंट बस स्टैंड से प्रदर्शन करते हुए कर्मचारी परिवहन मंत्री आवास पर पहुंचे। मंत्री द्वारा हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन की वार्तालाप कमेटी को बातचीत के लिए अपने आवास पर बुलाया एवं कर्मचारी मांग मुद्दे पर चर्चा करने के पश्चात 9 जून 2026 को रोडवेज विभाग के सभी आला अधिकारियों सहित यूनियन की वार्तालाप कमेटी के साथ सभी बिन्दुओं पर विचार कर वार्ता करने का आश्वासन दिया है।
कर्मचारियों को संबोधित करते हुए राज्य प्रधान नरेंद्र दिनोद,महासचिव सुमेर सिवाच,ऑल इंडिया रोड ट्रांसपोर्ट वर्कर्स फेडरेशन के राष्ट्रीय वर्किंग कमेटी सदस्य सरबत सिंह पूनिया,शिव कुमार श्योराण,पवन शर्मा, सुशील इक्कीस, रमेश शयोकंद, जयकुंवार दहिया, सर्व कर्मचारी संघ के वरिष्ठ उपप्रधान जरनेल सिंह ,प्रैस सचिव एवं अग्निशमन के महासचिव गुलशन भारद्वाज , सीआईटी यू के जिला सचिव सतीश सेठी ने संबोधित करते हुए बताया कि परिवहन विभाग का निजीकरण किया जा रहा है। विभाग में कच्चे कर्मचारियों की भर्ती की जा रही है तथा रोडवेज विभाग को बड़े पूँजीपतियों को सौंपे जाने की तैयारी की जा रही है। कर्मचारियों के संवैधानिक अधिकारों पर कटौती कर नई चार श्रम संहिताएँ थोपी जा रही हैं, जिनसे हड़ताल करने जैसे अधिकारों पर हमला किया जा रहा है । इस दौरान कच्चे कर्मचारियों से पक्का करने संबंधी याचिका फॉर्म भरवाकर मंत्री महोदय को सौंपे गए ।परिवहन विभाग का निजीकरण तत्काल, प्रभाव से रोका जाए।विभाग के बेड़े में 10 हजार नई बसें शामिल की जाएँ। माननीय न्यायालय के आदेशानुसार HKRN व अन्य सभी कच्चे कर्मचारियों को पक्का किया जाए तथा भविष्य में केवल पक्की भर्ती की जाए। चालकों का वेतनमान ₹53,100 एवं परिचालकों व लिपिकों का वेतनमान ₹35,400 लागू किया जाए।
चालक व परिचालकों को एक माह में 30 रात्रि ठहराव का भुगतान किया जाए। सभी कर्मचारियों को पूर्व की भाँति देय अर्जित अवकाश लागू किया जाए तथा एक वर्ष में 33 अवकाश दिए जाएँ।चालकों की पदोन्नति हेतु 194 पोस्ट अड्डा इंचार्ज की सृजित की जाएँ। कर्मशाला के ग्रुप-डी कर्मचारियों को कॉमन कैडर से बाहर कर तकनीकी वेतनमान देकर पदोन्नति का लाभ दिया जाए। 2008 में भर्ती परिचालकों को रिक्त उप-निरीक्षक के पदों पर शीघ्र पदोन्नत किया जाए। 10 वर्ष के बकाया बोनस का भुगतान किया जाए। चालक व परिचालकों से झगड़े/मारपीट के मामलों में सख्त कार्यवाही की जाए।
इसी कड़ी में सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर आने वाले समय में यूनियन की सदस्यता अभियान शुरू किया जाएगा,30 जूलाई तक प्रत्येक जिले में कर्मचारी रैली का आयोजन किया जाएगा, अगस्त माह में जेल भरो आंदोलन करने के पश्चात अक्टूबर माह में मुख्य मंत्री कैम्प कार्यालय पर महापड़ाव डाला जाएगा।
इस मौके पर हरियाणा भर से सभी डिपो सब डिपो से हजारों की संख्या में कर्मचारियों ने बड़े उत्साह एवं जोश में प्रदर्शन में भाग लिया।



