यमुनानगर के कस्बा रादौर के अंतर्गत आने वाले गाँव छोटा बांस में बीती रात उस समय भारी हंगामा और बवाल हो गया, जब एक नशा तस्कर को पकड़ने आई करनाल की सीआईए (CIA) स्टाफ पुलिस टीम पर ग्रामीणों और आरोपी के परिजनों ने जानलेवा हमला कर दिया। उग्र भीड़ ने न केवल पुलिस टीम पर जमकर पथराव किया, बल्कि आरोपी को छुड़ाने के लिए महिलाओं ने पुलिसकर्मियों को दांतों से काट लिया। इस हमले में 3 से 4 पुलिस कर्मचारी घायल हुए हैं।
जानकारी के अनुसार, करनाल सीआईए स्टाफ पुलिस को सूचना मिली थी कि वांछित नशा तस्कर छोटा बांस गाँव में मौजूद है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम सीधे आरोपी के घर पहुँची और उसे दबोच लिया। लेकिन जैसे ही पुलिस आरोपी को गाड़ी में बिठाने लगी, वैसे ही आरोपी के परिजन और आसपास के लोग इकट्ठा हो गए और पुलिस गाड़ी पर धावा बोल दिया।
घटना का जो वीडियो और तस्वीरें सामने आई हैं, वे बेहद हैरान करने वाली हैं। आरोपी को छुड़ाने के लिए महिलाओं और स्थानीय लोगों ने पुलिसकर्मियों के साथ जमकर धक्का-मुक्की की। इस दौरान महिलाओं ने पुलिस के जवानों को दांतों से काटना शुरू कर दिया। मौका पाकर लोगों ने आरोपी को पुलिस की गिरफ्त से छुड़ा लिया।
आरोपी के छूटते ही भीड़ और उग्र हो गई। गली के बीचों-बीच और मकानों की छतों से पुलिस टीम पर भारी पथराव शुरू कर दिया गया। ईंट-पत्थर बरसते देख पुलिसकर्मियों को अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागना पड़ा। उपद्रवियों ने पुलिस के वाहनों को भी निशाना बनाया और उन पर जमकर पत्थरबाजी की। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस टीम गाड़ियाँ लेकर मौके से निकलने में कामयाब रही।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार: यदि पुलिस टीम मौके से तुरंत न निकलती, तो भीड़ किसी बड़ी वारदात को अंजाम दे सकती थी। तस्वीरों में कुछ लोग पुलिसकर्मियों से हथियार छीनने का प्रयास करते हुए भी दिखाई दे रहे हैं।
पुलिस टीम के पीछे हटते ही नशा तस्कर और उसके साथी भी मौके से फरार हो गए। जब तक स्थानीय रादौर थाना पुलिस को मामले की भनक लगी और वे मौके पर पहुँचे, तब तक आरोपी गाँव छोड़ चुके थे। फिलहाल, यमुनानगर पुलिस आरोपियों की धरपकड़ के लिए गाँव छोटा बांस में बड़े स्तर पर सर्च अभियान चला रही है। हालांकि, रात के अंधेरे का फायदा उठाकर आरोपी भागने में सफल रहे।
गौरतलब है कि इस गाँव में पुलिस टीम पर हमले का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी यहाँ पुलिस पर हमले हो चुके हैं। नशा तस्करी के आरोप में प्रशासन यहाँ दो आरोपियों के घरों पर बुलडोजर भी चला चुका है, लेकिन इसके बावजूद इन अपराधियों में कानून का कोई खौफ नहीं है। स्थानीय लोग भी इन तस्करों और चोरों से दहशत में रहते हैं।

