रोहतक। पावर हाउस के पास से मंगलवार को एमडीडी ऑफ इंडिया व मानव तस्करी विरोधी टीम ने आठ बच्चों को भीख मांगते हुए रेस्क्यू किया है। चेयरमैन एडवोकेट सतीश कौशिक ने बताया कि इनमें छह लड़कियां व दो लड़के शामिल हैं। इनमें दो बच्चे करीब 4 वर्ष, दो लड़कियां 5 वर्ष, एक लड़की 6 वर्ष, दो लड़कियां 8 वर्ष की व एक लड़की 10 वर्ष की हैं।
सभी बच्चे नाबालिग और उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। रेस्क्यू के बाद सभी बच्चों को चाइल्ड वेलफेयर कमेटी रोहतक के समक्ष प्रस्तुत किया गया। कमेटी सदस्य एडवोकेट विकास अत्री व उषा रानी ने बच्चों से बातचीत की।
कमेटी की ओर से अभिभावकों को सख्त चेतावनी दी गई कि भविष्य में बच्चों से भीख मंगवाने व किसी भी प्रकार की मजदूरी कराने का मामला सामने आया तो उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। अभिभावकों ने भविष्य में बच्चों से भीख न मंगवाने का लिखित आश्वासन दिया। एमडीडी ऑफ इंडिया के सहायक विकास व मानव तस्करी विरोधी टीम से रवि मलिक, प्रदीप कुमार व सुरेंद्र सिंह ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की।

