हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड द्वारा आज (14 मई) 10वीं रिजल्ट जारी कर दया है। बोर्ड चेयरमैन डॉ. पवन कुमार ने बताया कि प्रदेश में इस बार 2 लाख 76 हजार 640 स्टूडेंट्स ने दसवीं का एग्जाम दिया है, जिनमें से 2 लाख 47 हजार 860 यानि 89.6% पास हुए है।
विभाग के मुताबिक, तीन साल में दसवीं का यह सबसे खराब रिजल्ट रहा है। 2024 में 95.22 और 2025 में 92.49 प्रतिशत स्टूडेंट पास हुए थे। पास प्रतिशतता के आधार पर प्रदेश में चरखी दादरी जिला पहले स्थान पर रहा। दूसरे पर जींद और तीसरे स्थान पर महेंद्रगढ़ जिला रहा। नूंह जिला सबसे निचले पायदान पर दर्ज किया गया।
छात्राओं ने छात्रों से बेहतर प्रदर्शन किया। नियमित परीक्षा में 1,43,110 छात्र शामिल हुए, जिनमें से 1,25,493 पास हुए और उनकी पास प्रतिशतता 87.69 रही। वहीं, 1,33,530 छात्राएं परीक्षा में शामिल हुईं, जिनमें से 1,22,367 छात्राएं उत्तीर्ण रहीं। छात्राओं की पास प्रतिशतता 91.64 दर्ज की गई, जो छात्रों की तुलना में 3.95 प्रतिशत अधिक रही।
बोर्ड ने परीक्षार्थियों को पुनः जांच और पुनर्मूल्यांकन के लिए परिणाम घोषित होने की तिथि से 20 दिन के भीतर ऑनलाइन आवेदन करने की सुविधा भी दी है।
नियमित परीक्षा में 1,43,110 छात्र शामिल हुए, जिनमें से 1,25,493 पास हुए और उनकी पास प्रतिशतता 87.69 रही। वहीं, 1,33,530 छात्राएं परीक्षा में शामिल हुईं, जिनमें से 1,22,367 छात्राएं उत्तीर्ण रहीं। छात्राओं की पास प्रतिशतता 91.64 दर्ज की गई, जो छात्रों की तुलना में 3.95 प्रतिशत अधिक रही।

ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के रिजल्ट में इस बार ग्रामीण अंचल के स्टूडेंट आगे रहे। ग्रामीण क्षेत्र की पास प्रतिशतता 90.25%, शहरी क्षेत्र की पास प्रतिशतता 87.94% रही। यानि ग्रामीण क्षेत्रों का रिजल्ट शहरी क्षेत्रों से 2.31 फीसदी ज्यादा रहा। वहीं प्राइवेट विद्यालयों का परिणाम 92.45 प्रतिशत रहा, जबकि राजकीय विद्यालयों की पास प्रतिशतता 87.23 प्रतिशत रही।
