पानीपत के सिवाह नहर पुल के पास सोमवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। शुरुआत में जिस घटना को आत्महत्या माना जा रहा था, पुलिस जांच में वह हादसा निकला। पूजा के दौरान महिला का पैर फिसलने से वह नहर में गिर गई और उसे बचाने के लिए पति ने भी छलांग लगा दी। हादसे में महिला की मौत हो गई, जबकि पति की तलाश अब भी जारी है।
मृतका की पहचान कमलेश के रूप में हुई है, जिनका शव करीब 20 किलोमीटर दूर सोनीपत के खूबडू झाल से बरामद किया गया। वहीं उनके पति मुरारी लाल की तलाश के लिए गोताखोर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं।
परिजनों के अनुसार, असंध निवासी मुरारी लाल और उनकी पत्नी कमलेश सोमवार सुबह करीब 4 बजे बिना किसी को बताए घर से निकले थे। दोनों सिवाह नहर पुल के पास पहुंचे, जहां कमलेश पूजा सामग्री और नारियल नहर में प्रवाहित कर रही थीं। इसी दौरान उनका संतुलन बिगड़ गया और वह नहर में गिर गईं। पत्नी को डूबता देख मुरारी लाल ने भी तुरंत नहर में छलांग लगा दी।
घटनास्थल पर उनकी एक्टिवा खड़ी मिली, जिस पर दोनों की चप्पलें रखी थीं। राहगीरों ने दोनों को नहर में डूबते देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस और गोताखोर मौके पर पहुंचे और तलाशी अभियान शुरू किया गया।
इसराना थाना प्रभारी हरिराम ने बताया कि शुरुआती जांच में आत्महत्या की आशंका जताई जा रही थी, लेकिन पूछताछ और तथ्यों के आधार पर यह हादसा साबित हुआ। पुलिस के अनुसार पूजा सामग्री प्रवाहित करते समय महिला का पैर फिसला, जिसके बाद दोनों नहर में बह गए।
जानकारी के मुताबिक कमलेश एक दिन पहले घरौंडा में आयोजित पंडित प्रदीप मिश्रा की शिव महापुराण कथा सुनने गई थीं। अगले दिन सुबह वह अपने पति के साथ पूजा करने निकली थीं।
मुरारी लाल गोयल असंध के जाने-माने राइस मिलर थे। परिवार में बेटा, बेटियां और पोता-पोती हैं। परिजनों का कहना है कि परिवार में किसी प्रकार की आर्थिक परेशानी नहीं थी और कारोबार भी ठीक चल रहा था। बेटे गौरव सिंगला ने आत्महत्या की आशंका को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि यह एक हादसा है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और मुरारी लाल की तलाश जारी है। परिवार में मातम पसरा हुआ है और परिजन गहरे सदमे में हैं।

