झज्जर जिले के दुजाना गांव में 65 वर्षीय विजय सैनी की गोली मारकर हत्या किए जाने के बाद लोगों में भारी रोष देखने को मिल रहा है। मामले ने सोमवार को उस समय नया मोड़ ले लिया, जब मृतक के बेटे सुनील सैनी ने रोहतक पीजीआई में पोस्टमार्टम के बाद शव लेने से इनकार कर दिया।
सुनील सैनी ने स्पष्ट कहा कि जब तक मुख्य आरोपी संजय को गिरफ्तार नहीं किया जाता, तब तक परिवार शव नहीं लेगा और न ही अंतिम संस्कार किया जाएगा। उन्होंने पुलिस प्रशासन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं।
मृतक के बेटे का आरोप है कि उनके पिता विजय सैनी हत्या से पहले दो बार झज्जर पुलिस कमिश्नर से मिले थे। उन्होंने आरोपी संजय से जान का खतरा होने की जानकारी देते हुए सुरक्षा बढ़ाने और आरोपी की गिरफ्तारी की मांग की थी। इसके बावजूद पुलिस ने न तो सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की और न ही आरोपी को गिरफ्तार किया।
परिजनों का कहना है कि आरोपी संजय अपनी पत्नी की हत्या के मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था। इसके बावजूद पुलिस उसे पकड़ने में नाकाम रही। परिवार का आरोप है कि आरोपी से लगातार खतरा बना हुआ था और इसकी जानकारी कई बार पुलिस अधिकारियों को भी दी गई थी, लेकिन समय रहते कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
विजय सैनी की हत्या के बाद गांव और आसपास के क्षेत्रों में भी लोगों में आक्रोश है। परिजनों और ग्रामीणों ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी तथा मामले में जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और आरोपियों की तलाश के लिए विभिन्न स्थानों पर दबिश दी जा रही है। वहीं परिवार आरोपी की गिरफ्तारी तक अपने फैसले पर अड़ा हुआ है, जिससे मामले को लेकर तनाव की स्थिति बनी हुई है।
