हरियाणा में शहरों से अभी 3 दिन और कूड़ा नहीं उठ पाएगा। प्रदेश सरकार से कोई जवाब नहीं दिए जाने के कारण सफाई कर्मचारियों ने 29 अक्टूबर तक हड़ताल बढ़ाने का फैसला किया है। लगातार 8 दिन से हड़ताल जारी होने के कारण राज्य के शहरों में 10 हजार टन से अधिक कूड़ा-कचरा इकट्ठा हो चुका है।
राज्य की CM मनोहर लाल खट्टर की अगुआई वाली सरकार ने एस्मा लगाने का दावा किया। पुलिस सुरक्षा में सफाई भी करवानी चाही लेकिन लोगों को गंदगी से मुक्ति नहीं मिली। अब कर्मचारी संगठन ने CM खट्टर को चिट्ठी लिख इस मामले में हस्तक्षेप करने के लिए कहा है।
हड़ताल कर रहे सफाई कर्मचारियों के कूड़ा उठाने के विरोध के कारण राज्य भर में 500 से अधिक सफई कर्मचारियों की गिरफ्तारियां की जा चुकी हैं। हालांकि इनमें शामिल महिला कर्मियों को देर शाम को रिहा कर दिया गया है। गिरफ्तारियों को लेकर हड़ताल कर रहे सफाई कर्मियों में सरकार के प्रति काफी रोष व्याप्त है।
सफाई कर्मचारी नेता वीरभान बिदलान ने बताया कि दीपावली के दिन MP संजय भाटिया उनसे मुलाकात करने आए थे। इस दौरान उन्होंने हमारी मांगों का एक ज्ञापन भी लिया था, उन्होंने कहा था कि वह उनकी मांगों को लेकर सरकार से बात करेंगे, लेकिन अभी तक सरकार की ओर से कोई जवाब नहीं आया है। इस कारण से हड़ताल अब 27 और 28 अक्टूबर तक बढ़ा दी गई है।
हरियाणा में सफाई का संकट गहरा गया है। मांगें पूरी न होने को लेकर राज्य भर में 40 हजार कर्मचारी सड़कों पर हैं। त्योहारी सीजन को देखते हुए सरकार ने खुद सफाई का मोर्चा संभाला हुआ है। पुलिस सुरक्षा में सफाई कराई जा रही है। सफाई के लिए हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तय रेट पर रखे सफाई कर्मचारियों की मदद ली जा रही है।
दिवाली के त्योहार पर सफाई कर्मियों की हड़ताल से प्रदेश के शहर कूड़े के ढेर में बदलते जा रहे हैं। अब तक राज्य भर में 10 हजार टन से अधिक कूड़ा कचरा इकट्ठा हो गया है। सरकार के रुख को देखते हुए विरोध स्वरुप हड़ताली कर्मचारी जिलों में एस्मा की प्रतियां जलाकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
