उत्तर भारत में ठंड ने अब दस्तक दे दी है और हरियाणा इसका साफ़ असर महसूस कर रहा है. सुबह-शाम ठंडी हवा चुभने लगी है और रात का पारा लगातार नीचे जा रहा है. अभी एक हफ्ता पहले तक जहां करनाल, हिसार, महेंद्रगढ़ और नारनौल जैसे कुछ ही शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे था वहीं अब हालात बदल चुके हैं. राज्य के करीब दर्जनभर शहरों में रातें और ज्यादा सर्द हो रही हैं. मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक इसी तरह गिरावट जारी रहने की संभावना है.
मौसम विभाग के मुताबिक 18 नवंबर तक प्रदेश में आसमान साफ़ रहेगा और हवाएं सूखी चलेंगी. इसी कारण रात के पारे में और गिरावट हो सकती है. हालांकि 19 नवंबर को पश्चिमी विक्षोभ का हल्का असर देखने को मिलेगा, जिससे आसमान में बादल छाने की उम्मीद है. बादलों की वजह से रात का तापमान थोड़ा बढ़ सकता है, लेकिन दिन के समय ठंड और महसूस होगी. उत्तरी और उत्तर-पश्चिमी दिशा से चलने वाली हवाएं मौसम को और ठंडा कर सकती हैं. पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी होने की संभावना भी जताई जा रही है. जिसका असर मैदानी इलाकों के मौसम पर भी दिख सकता है. ऐसे में सुबह-शाम धुंध बढ़ने की पूरी आशंका है.
कृषि मौसम विशेषज्ञ डॉ. मदन खीचड़ ने किसानों को सलाह देते हुए कहा कि गेहूं की बिजाई में अब देरी न करें और इसे जल्द पूरा कर लें. उन्होंने यह भी कहा कि सरसों की फसल में इस मौसम में बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. इसलिए किसान कृषि वैज्ञानिकों से सलाह लेकर समय पर दवाइयों का छिड़काव करें, ताकि फसल सुरक्षित रहे.
