गुरुग्राम पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक नामी प्राइवेट एयरलाइन के पायलट को 814 ग्राम एमडीएमए (MDMA) ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया है। बरामद ड्रग्स की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 40 लाख रुपए आंकी गई है। आरोपी वीआईपी चार्टर्ड विमान उड़ाता था और पुलिस के अनुसार नौकरी की आड़ में लंबे समय से ड्रग्स तस्करी के नेटवर्क से जुड़ा हुआ था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान केरल निवासी 32 वर्षीय अरशद अली उर्फ अज्जू के रूप में हुई है। वह फिलहाल गुरुग्राम के दौलताबाद स्थित लैंडमार्क सोसायटी में रह रहा था।
गुप्त सूचना पर बिछाया जाल
क्राइम ब्रांच सेक्टर-39 को सूचना मिली थी कि एक युवक नोएडा से लग्जरी कार में भारी मात्रा में ड्रग्स लेकर गुरुग्राम आने वाला है। सूचना के आधार पर पुलिस ने सेक्टर-103 के पास नाकाबंदी की और कार रोककर तलाशी ली। इस दौरान आरोपी के कब्जे से 814 ग्राम कमर्शियल मात्रा में MDMA बरामद हुई।
पूछताछ में किया बड़ा खुलासा
पुलिस पूछताछ में अरशद ने बताया कि शुरुआत में वह खुद ड्रग्स का सेवन करता था। धीरे-धीरे उसे नशे की लत लग गई। बढ़ते खर्च को पूरा करने के लिए वह ड्रग्स तस्करी में उतर गया और सप्लाई का काम करने लगा।
रिमांड पर लेकर होगी पूछताछ
एसीपी क्राइम नवीन शर्मा ने बताया कि आरोपी के खिलाफ राजेंद्र पार्क थाना में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। बरामदगी कमर्शियल मात्रा में होने के कारण आरोपी को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया जाएगा। पूछताछ में पूरे ड्रग सिंडिकेट और उससे जुड़े लोगों का पता लगाया जाएगा।
नोएडा और दिल्ली तक पहुंची जांच
पुलिस अब उस नेटवर्क की जांच कर रही है, जो अरशद को नोएडा से ड्रग्स उपलब्ध कराता था। नोएडा और दिल्ली-एनसीआर के कई ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। जांच का फोकस यह पता लगाना है कि गुरुग्राम में यह खेप किन लोगों तक पहुंचाई जाती थी। पुलिस को आशंका है कि इस रैकेट के तार अन्य राज्यों और एयरलाइन सेक्टर से जुड़े कुछ लोगों तक भी हो सकते हैं।
क्या है MDMA?
एमडीएमए (MDMA) एक सिंथेटिक नशीला पदार्थ है, जिसे एक्सटेसी या मॉली के नाम से भी जाना जाता है। यह दिमाग और तंत्रिका तंत्र पर असर डालता है। इसके सेवन से कुछ समय के लिए अत्यधिक खुशी, ऊर्जा और उत्साह महसूस होता है, लेकिन लगातार इस्तेमाल से इसकी लत लग सकती है और मानसिक व शारीरिक स्वास्थ्य पर गंभीर दुष्प्रभाव पड़ सकते हैं।
