रोहतक जिले के सांपला कस्बे के हसनगढ़ गांव में शिक्षा विभाग ने पुलिस की मदद से एक गैर मान्यता प्राप्त स्कूल को सील कर दिया। बस स्टैंड के पास स्थित आईसीएस एकेडमी में नर्सरी से 12वीं तक की कक्षाएं चल रही थी। शिक्षा विभाग की क्लस्टर हेड सुदेश के अनुसार पिछले एक महीने में स्कूल संचालक को दो बार नोटिस दिया गया था, लेकिन वह स्कूल बंद करने को तैयार नहीं था।
जब भी विभाग की टीम स्कूल जाती, संचालक स्टाफ के साथ दुर्व्यवहार करता और उन्हें बाहर जाने को कहता था।
शुक्रवार सुबह 11 बजे क्लस्टर हेड अपनी टीम और पुलिस बल के साथ स्कूल पहुंची। करीब 35 मिनट तक स्कूल संचालक से बातचीत चली। इसके बाद उच्चाधिकारियों के आदेश पर स्कूल को सील कर दिया गया। क्लस्टर हेड ने बताया कि उन्होंने मामले में खंड शिक्षा अधिकारी को सूचित किया था। दो बार लिखित रूप से पुलिस सहायता की मांग की गई थी। आज पुलिस की मौजूदगी में की गई कार्रवाई उच्चाधिकारियों के निर्देश पर की गई है।
गांव हसनगढ़ के बस स्टैंड के नजदीक आईसीएस एकेडमी के नाम से एक गैरमान्यता प्राप्त स्कूल चल रहा था। जिसमे छोटे बच्चों से लेकर 12 वीं तक की क्लास लगाई जा रहा थी। आज सुबह 11 बजे कलस्टर हेड अपनी टीम के साथ , पुलिस विभाग की सहायता लेकर हसनगढ़ गांव में बस स्टैंड के नजदीक स्थित आईसीएस एकेडमी जो कि शिक्षा विभाग के अनुसार गैरमान्यता प्राप्त को बंद करवाने के लिए पहुंचे।
स्कूल बंद करवाने आई टीम और स्कूल संचालक के बीच लगभग 35 तक बातचीत चली। बैठक के बाद शिक्षा विभाग की टीम, पुलिस प्रशासन की सहायता से स्कूल को ताला लगाने में कामयाब हुई।
सांपला ब्लॉक के गांव हसनगढ़ की क्लस्टर हैड सुदेश ने बताया कि पिछले एक महीने से स्कूल बंद करने के लिए दो बार स्कूल संचालक को नोटिस दे चुके हैं, लेकिन संचालक आईसीएस एकेडमी हसनगढ़ को बंद नही कर रहे थे। आज फिर पुलिस की मौजूदगी मे स्कूल को ताला लगाया गया हैं।

