आपको बता दें कि राजधानी दिल्ली में यमुना नदी का जलस्तर सोमवार रात को खतरे के निशान को पार कर गया है। प्रशासन ने बाढ़ की आशंका जताते हुए खादर में रहने वाले लोगों के लिए चेतावनी जारी की है। प्रशासन द्वारा लोगों को किसी भी सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील की गई है।
देखा जा रहा है कि राजधानी में यमुना नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। इसको देखते हुए शाहदरा जिला प्रशासन ने मंगलवार के दिन पुराना लोहा पुल बंद करा दिया है। पुल बंद होने की वजह से रेल व अन्य वाहनों का आवागमन भी बंद हो गया है।
बताया जा रहा है कि हथनी कुंड बैराज से यमुना में तीन लाख क्यूसिक पानी छोड़ा गया है। जल्द ही यह पानी यमुना नदी में पहुंचेगा. और इसके तीन दिन बाद यह पानी फरीदाबाद की सीमा में पहुंच जाएगा। प्रशासन ने बाढ़ की आशंका को देखते हुए संबंधित अधिकारियों को स्थिति पर नजर बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही स्थानीय लोगों से पशुओं और बच्चों को नदी की तरफ न जाने देने के लिए अपील की है।
बता दें कि हथनी कुंड बैराज से पानी छोड़ने की सूचना के बाद उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग ने ओखला बैराज से यमुना में पानी में छोड़ दिया है। इस पानी को छोड़ने का उद्देश्य आने वाले पानी के बैराज को खाली करना है। सोमवार को दिल्ली से सटे फरीदाबाद में यमुना का जलस्तर बढ़ गया है।
इस संबंध में फरीदाबाद सिंचाई विभाग के उपमंडल अधिकारी अरविंद शर्मा का कहना है कि फरीदाबाद आते- आते पानी काफी घट जाएगा। जिससे किसी भी प्रकार के नुकसान की आशंका नहीं है। बता दें कि अभी तक यमुना घेरे के अंदर ही बह रही है. इसके बावजूद भी प्रशासन ने ग्रामीणों को सतर्क कर दिया है। भूमि कटाव को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने कट्टों में मिट्टी भरवा कर रख दी है। यदि कहीं पर कटाव होता है, तो उसे तुरंत रोक दिया जाएगा।
