रोहतक के मानसरोवर पार्क में आज अग्निपथ योजना व बेरोजगारी के खिलाफ मोर्चा द्वारा विरोध प्रदर्शन किया गया, जिसमें केवल छात्र ही नहीं बल्कि किसान नेता व कई सामाजिक कार्यकर्ता भी उपस्थित भी रहे। प्रदर्शनकारियो की केवल एक ही मांग थी कि सरकार जल्द से जल्द सेना व युवाओं को बचाने के लिए अग्निपथ योजना को रद्द करे। जब तक सरकार अग्निपथ योजना को रद्द नहीं करती, तब तक वे विरोध प्रदर्शन जारी रखेंगे। सरकार ने अग्निपथ योजना लागू करके युवाओं के भविष्य को अंधकारमय करने का काम किया है, जिसे किसी भी सूरत में सहन नहीं किया जा सकता।
विरोध प्रदर्शन के दौरान धनखड़ खाप के प्रधान ओमप्रकाश धनखड़ ने कहा कि अग्निपथ योजना के तहत केवल चार साल की नौकरी दी जाएगी, जिससे ना तो युवाओं को रोजगार मिलेगा और उल्टा युवा बेरोजगारी के दलदल में फंसते जाएंगे। जिसका असर युवाओं के भविष्य पर नकारात्मक पड़ेगा। चिंटू प्रधान छारा ने कहा कि सरकार जल्द से जल्द अग्निपथ योजना को रद्द करे और पहले की तरह युवाओं को सेना में भर्ती प्रक्रिया आरंभ करे। अगर ऐसा नहीं होता है तो वे विरोध प्रदर्शन को तेज करने से भी पीछे नहीं हटेंगे।
ढोलू प्रधान ढाकला, तेज बहादुर यादव रेवाड़ी, सुमेर सिंह प्रधान, प्रदीप कुमार व हर्षवर्धन यादव ने कहा कि सरकार जो भी योजना लागू करती है, वह संबंधित वर्ग तक के लिए अच्छी नहीं होती। पहले सरकार कृषि कानून लेकर आई, जो किसानों के लिए नुकसानदायक थे। जिनका जनता ने विरोध किया तो मजबूरन सरकार को तीनों कृषि कानून वापस लेने पड़े थे। वहीं अब अग्निपथ योजना लागू की जा रही है, जिसका युवा ही नहीं हर वर्ग विरोध कर रहा है। इसलिए सरकार को अग्निपथ योजना भी रद्द करनी होगी।
