नई दिल्ली, 25 मई- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वुमन जर्नलिस्ट वेल्फेयर ट्रस्ट की महिला पत्रकारों से मुलाकात की। इस मौके पर मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार राजीव जेटली साथ मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने पत्रकारिता क्षेत्र की चुनौतियों के बावजूद महिला सशक्तिकरण के साथ आगे बढ़ रही महिलाओं के मनोबल की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनता हित में गति और ईमानदारी के साथ कार्य कर रही है तथा मीडिया जगत से मिलने वाली सूचनाओं और अपडेट पर वह स्वयं संज्ञान लेते हैं।

मुख्यमंत्री ने बीते 11 वर्षों में सरकार द्वारा किए गए कार्यों पर चर्चा करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में महिला, युवा, किसान और गरीब व्यक्ति चार प्रमुख स्तंभ हैं।

महिला सशक्तिकरण पर सरकार के प्रयासों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरियाणा से ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान की शुरुआत की थी। हरियाणा सरकार ने समाज के विभिन्न वर्गों को इस मुहिम से जोड़कर सकारात्मक परिणाम हासिल किए हैं। कई पंचायतों में बेटियों की जन्म दर बेटों से अधिक हुई है, जिन पंचायतों को सरकार द्वारा सम्मानित भी किया गया। साथ ही महिला सरपंचों को इन पंचायतों का ब्रांड एम्बेसडर बनाया गया है।

उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों (सेल्फ हेल्प ग्रुप) के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जा रहा है। पंचकूला में आयोजित स्वदेशी मेले का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि एक महिला ने स्वयं सहायता समूह से जुड़कर आत्मनिर्भर बनने और बेटी की शादी जैसे खर्चों की चिंता समाप्त होने की बात कही।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की अनाज मंडियों में किसानों के लिए खोली गई अटल कैंटीनों का संचालन भी स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं कर रही हैं। इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘नमो ड्रोन दीदी’ योजना में हरियाणा अग्रणी भूमिका निभा रहा है।

पंजाब को लेकर पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वहां बाढ़ की स्थिति के दौरान हरियाणा सरकार ने हर जिले की समस्याओं को चिन्हित कर राहत सामग्री और सहायता पहुंचाने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि पंजाब के नेता किसानों को फसल खराबे के मुआवजे की सही जानकारी तक नहीं दे पाए। अब इसका जवाब आने वाले चुनावों में पंजाब की जनता देगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन के लिए हर माह 2100 रुपये की सहायता दी जा रही है और यह जनहितकारी कार्य सरकार बनने के पहले वर्ष में ही शुरू कर दिया गया। उन्होंने कहा कि पंजाब में महिलाओं को सहायता राशि देने की घोषणा तो की गई, लेकिन अब तक एक रुपया भी महिलाओं के खातों में नहीं पहुंचा, जबकि पंजाब सरकार अपना कार्यकाल लगभग पूरा कर चुकी है।

गुरुग्राम क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि मुनक नहर से सीधे गुरुग्राम और नूंह तक पाइपलाइन परियोजना के जरिए जलापूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। इसके लिए लगभग दो हजार करोड़ रुपये के टेंडर की तैयारी पूरी कर ली गई है। साथ ही लो लाइन एरिया में एसटीपी बनाकर सोहना क्षेत्र के माध्यम से जल प्रबंधन की योजना पर भी कार्य किया जाएगा। एसवाईएल मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इस संबंध में उन्होंने केंद्रीय मंत्री से मुलाकात कर चर्चा की है।

कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़े एक सवाल पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि युवा पीढ़ी का इससे कोई जुड़ाव व लेना देना नहीं है और ऐसे आधारहीन आशय की कोई उम्र नहीं होती। वह स्वयं युवाओं से मिलकर उनकी समस्याओं से रूबरू होते हैं और उनकी समस्याओं के निदान के लिए संबंधित को निर्देश दिए जाते हैं।

मुख्यमंत्री के निजी जीवन पर पूछे गए सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि वह अपने बच्चों से सप्ताह में बमुश्किल एक या दो बार मिल पाते हैं। बीते दिनों बेटी ने वृंदावन जाने की इच्छा व्यक्त की। योजना बन गयी और सपरिवार दर्शन की तैयारी भी हो गयी। इसी बीच जरूरी बैठक आने के कारण परिजनों को समय नहीं दे पाए।
………

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

YouTube
YouTube
Set Youtube Channel ID
WhatsApp
error: Content is protected !!