आज रेवाड़ी में कैलाश चंद एड्वोकेट की अगुवाई में गरीब अभिभावक अपने बच्चो को लेकर जिला सचिवालय में उपायुक्त के सामने दाखिलों की फरियाद लेकर पहुचे। शिक्षा का अधिकार अधिनियम 134-A के तहत उन गरीब परिवार के बच्चों को निजी स्कूलों में परीक्षा देने के बाद स्कूल अलॉट किए गए थे, लेकिन अब निजी स्कूल संचालक अपनी एकता दिखाते हुए उन्हें दाखिला नहीं दे रहे हैं। दाखिला न देने के बाद अब गरीब परिवारों के बच्चे आज जिला सचिवालय पहुंचे जहां उन्होंने जिला सचिवालय को ही अपनी पाठशाला बना दिया।

जिला सचिवालय में जब नौनिहालों ने अपनी पाठशाला के दौरान दो दूनी चार, दो तिया 6 की गूंज से सचिवालय को गुंजा दिया तो आनन-फानन में जिला शिक्षा अधिकारी राजेश कुमार पहुंचे और बच्चों व उनके अभिभावकों को अपनी परिभाषा में समझाते हुए कहा कि बच्चे देश का भविष्य हैं और उनके भविष्य के साथ कोई भी खिलवाड़ नहीं कर सकता, यदि वह खिलवाड़ करता है तो वह शिक्षक ही नहीं है।

अभिभावकों ने कहा कि आज हम पिछले 4 दिनों से निजी स्कूलों व शिक्षा विभाग कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं लेकिन उनकी फरियाद तो सुनने वाला कोई भी नहीं है बस गरीब का मजाक उड़ाया जा रहा है। उन्हें उनका अधिकार चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारे बच्चों का भविष्य अब खतरे में है क्योंकि स्कूल अलॉट होने के बावजूद भी निजी स्कूल उन्हें दाखिला नहीं दे रहे हैं।

जिला शिक्षा अधिकारी राजेश कुमार ने कहा कि 24 दिसंबर तक का समय दिया गया है यदि इसके बाद भी स्कूलों में दाखिला नहीं किया तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कैलाश चंद एड्वोकेट ने कहा कि किसी भी बच्चे को दाखिलों से वंचित नही होने देंगे आज हम अधिकारियो के समक्ष आये हैं जरूरत पड़ी तो न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाएंगे ओर गरीब आमजन के लिये संघर्ष करते रहेंगे

YouTube
YouTube
Set Youtube Channel ID
WhatsApp
error: Content is protected !!