कंगना रणौत का 2014 में मिली आजादी वाले बयान पर उठा विवाद अभी थमा भी नहीं था कि अभिनेत्री ने नया आपत्तिजनक पोस्ट कर विवादों को हवा दे दी है। देश भर में कई FIR दर्ज होने के बाद भी कंगना रनोट अभी खामोश नहीं हुई हैं। इस बार कंगना ने महात्मा गांधी पर निशाना साधते हुए उन्हें सत्ता का भूखा और चालाक बताया है। कंगना रणौत ने अपने सोशल मीडिया गांधी जी पर विवादित बयान जारी करते हुए एक लम्बा चौड़ा पोस्ट किया। कंगना ने अपने पहले पोस्ट में जहां गांधी को सत्ता का भूखा और चालाक बताया तो वहीँ दुसरे पोस्ट में उन्होंने लिखा कि महात्मा गांधी चाहते थे कि भगत सिंह को फांसी हो।
कंगना ने गांधी जी पर विवादित बयान देने के साथ ही लोगों को भी ये सलाह दे डाली की वो अपना हीरो समझदारी से चुनें। कंगना यहीं पर शांत नहीं हुईं उन्होंने आगे अपनी इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा कि अगर तुम्हारे कोई एक गाल पर थप्पड़ मार दे तो दूसरा गाल आगे करने से आजादी नहीं मिलती है। कंगना ने आगे अपने पोस्ट में लिखा, ‘जो स्वतंत्रता के लिए लड़ रहे थे उन्हें तो लोगों ने अपने मालिकों को सौंप दिया, क्योंकि उनमें न तो हिम्मत थी और न ही खून में उबाल।’
कंगना ने अपनी पोस्ट में आगे लिखा, ‘ वो सिर्फ सत्ता के भूखे थे और चालाक थे। उन्होंने हमें सिखाया कि अगर कोई तुम्हें थप्पड़ मारे तो अपना दूसरा गाल आगे कर दो, इस तरह तुम्हें आजादी मिल जाएगी। लेकिन ऐसे किसी को आजादी नहीं मिलती सिर्फ भूख मिलती है। अपना हीरो समझदारी से चुनें।’
दरअसल पिछले हफ्ते एक्ट्रेस कंगना रनोट के एक बयान पर विवाद हो गया था। एक समिट में उन्होंने कहा कि भारत को सच्ची आजादी 2014 में मिली है। पहले मिली आजादी, आजादी नहीं भीख थी। उनके इस बयान पर BJP सांसद वरुण गांधी ने कहा था कि मैं इस सोच को पागलपन कहूं या फिर देशद्रोह। कंगना के बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर आने के बाद कई सेलेब्स ने उनकी आलोचना की।
इतना ही नहीं देशभर में उनके खिलाफ विरोध-प्रदर्शन और एफआईआर भी की गई हैं। कई लोगों ने तो इस बयान के आधार पर भारत सरकार से कंगना को दिया पद्मश्री अवॉर्ड वापस लेने की भी मांग की है।
