दिल्ली बॉर्डर पर चल रहा किसान आंदोलन कल खत्म हो सकता है। संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) की तरफ से कल फिर मीटिंग बुलाई गई है। केंद्र सरकार की तरफ से केस रद्द करने को लेकर सहमति दे दी गई है। इसके अलावा मुआवजा को लेकर भी बात बनती नजर आ रही है। केंद्र सरकार की तरफ से इस बारे में किसानों को प्रस्ताव भी भेजा गया है।
इस बारे में SKM की 5 सदस्यीय कमेटी की हरियाणा सरकार से भी मीटिंग हो चुकी है, जिसमें हरियाणा में दर्ज केस रद्द करने पर सहमति बन गई है। सूत्रों की मानें तो अब आंदोलन को समाप्त किया जा सकता है। किसान नेता कुलवंत संधू ने कहा कि किसानों की मांगों पर सहमति बन गई है। आंदोलन को लेकर अब कल बड़ा ऐलान किया जाएगा। जल्द ही इस बारे में संयुक्त किसान मोर्चा की प्रेस कान्फ्रेंस होने वाली है।
केंद्र सरकार वह तीनों कृषि कानून वापस लिए जा चुके हैं, जिसकी वजह से यह आंदोलन शुरू हुआ था। जिस पर लोकसभा, राज्यसभा के बाद राष्ट्रपति की मुहर लग चुकी है। इसके बाद से ही दिल्ली बॉर्डर से किसान वापस लौटना शुरू कर चुके थे। किसान संगठनों पर भी दबाव बन गया था कि वह आंदोलन खत्म करें।
पंजाब के किसान संगठन दिल्ली बॉर्डर पर आंदोलन खत्म कर वापसी के पक्ष में हैं। अगर केंद्र सरकार केस रद्द कर देती है और MSP कमेटी बना देती है तो वह आंदोलन को खत्म करना चाहते हैं। इसी में इस दौरान मरे करीब 700 किसानों के परिवारों को मुआवजे की माग भी शामिल है।
