गुरुग्राम के सोहना रोड स्थित सेक्टर-49 इलाके में कार और कैब की मामूली टक्कर के बाद 12वीं की छात्रा के साथ बदसलूकी का मामला सामने आया है। आरोप है कि टैक्सी ड्राइवरों ने कार को चारों तरफ से घेर लिया और छात्रा को बाहर निकालने की कोशिश की। डर के कारण छात्रा ने कार का सेंट्रल लॉक लगाकर खुद को अंदर बंद कर लिया और रोते हुए अपनी मां को वीडियो कॉल की।
पीड़िता की मां के अनुसार, उनकी बेटी गुरुवार को परीक्षा देकर अपनी सहेली के साथ घर लौट रही थी। सहेली को पार्क व्यू सिटी-2 में छोड़ने के बाद वह ड्राइवर भूरी सिंह के साथ घर आ रही थी। इसी दौरान पार्क व्यू सिटी-2 के पास उनकी कार की एक कैब से मामूली टक्कर हो गई।
कार को घेरकर ड्राइवर से हाथापाई
महिला का आरोप है कि टक्कर के तुरंत बाद कई टैक्सी ड्राइवर मौके पर इकट्ठा हो गए। उन्होंने कार चालक को बाहर निकालकर उसके साथ हाथापाई और अभद्रता की। इसके बाद कुछ लोगों ने कार के दरवाजे खोलने की कोशिश की, ताकि अंदर बैठी छात्रा को बाहर निकाला जा सके।
छात्रा ने खुद को असुरक्षित महसूस करते हुए कार के दरवाजे लॉक कर लिए। घटना से घबराकर वह रोने लगी और अपनी मां को वीडियो कॉल कर पूरी जानकारी दी।
पुलिस कंट्रोल रूम पर 20 से ज्यादा कॉल
महिला के मुताबिक, छात्रा ने शाम 5 बजकर 2 मिनट पर पुलिस कंट्रोल रूम में पहली कॉल की थी। करीब 5 बजकर 10 मिनट पर पुलिस की ओर से लोकेशन पूछने के लिए फोन आया, लेकिन मौके पर सहायता नहीं पहुंची। इसके बाद मां-बेटी ने 20 से ज्यादा बार पुलिस हेल्पलाइन पर कॉल की।
आरोप है कि पुलिस करीब 37 मिनट बाद मौके पर पहुंची। तब तक छात्रा डर और तनाव में कार के अंदर बैठी रही।
2 हजार रुपए देकर पीछा छुड़ाने का आरोप
महिला ने कहा कि जब पुलिस समय पर नहीं पहुंची तो वह खुद एक परिचित के साथ मौके पर पहुंचीं। उनका आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी में भी टैक्सी ड्राइवरों का रवैया ठीक नहीं था। स्थिति से निकलने के लिए उन्हें 2 हजार रुपए देकर समझौता करना पड़ा।
सोशल मीडिया पर साझा की आपबीती
घटना के बाद छात्रा की मां ने गुरुवार शाम सोशल मीडिया पर पूरी घटना साझा की। इसके बाद पुलिस की सोशल मीडिया टीम ने पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए उनसे संपर्क नंबर मांगा। महिला का कहना है कि नंबर देने के बावजूद शुक्रवार सुबह तक पुलिस की ओर से कोई संपर्क नहीं किया गया।
पुलिस बोली- मामले की जांच जारी
गुरुग्राम पुलिस के प्रवक्ता संदीप कुमार ने कहा कि मामला सोशल मीडिया के जरिए संज्ञान में आया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि टीम को मौके पर पहुंचने में देरी क्यों हुई। जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
