हरियाणा में सुबह और शाम के समय अब ठंडक महसूस की जा रही है. वहीं सुबह हल्की धुंध भी छाने लगी है. मौसम विज्ञानियों का कहना है कि नवंबर के पहले सप्ताह के बाद ठंड और तेजी से बढ़ने वाली है और रात के समय तापमान और गिरेगा. मौसम विभाग के अनुसार हरियाणा में 3 से 9 नवंबर के बीच आंकड़ों और पूर्वानुमानों को देखकर यह स्पष्ट होता है कि मौसम में कुछ विशेष बदलाव देखने को मिलेंगे. इस सप्ताह की शुरुआत आज में यानी कि 3 नवंबर के दिन का अधिकतम तापमान लगभग 30 °C तक पहुंचने की संभावना है. इसके बाद में यह धीरे-धीरे नीचे आता हुआ देखने को मिलेगा. वहीं 3 से 4 नवंबर की रात के समय न्यूनतम तापमान करीब 18 °C के आसपास रह सकता है. फिर 6 से 7 नवंबर में यह तापमान 12-13 °C तक गिर सकता है. अंबाला जिले में आज सुबह का अधिकतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. MD चंडीगढ़ के अनुसार सिरसा, अंबाला, करनाल, रोहतक, फरीदाबाद, सोनीपत और हिसार में कल का अधिकतम तापमान 29-31 डिग्री के बीच दर्ज किया गया है.
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार के कृषि मौसम विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि फिलहाल प्रदेश में मौसम शुष्क रहेगा. उत्तर और उत्तर-पश्चिम दिशा से हल्की से मध्यम गति की हवाएं चलेंगी. उन्होंने कहा कि इन हवाओं के चलते अगले कुछ दिनों में ठंड और बढ़ेगी तथा सुबह और शाम का तापमान और नीचे जा सकता है. कुल मिलाकर हरियाणा में अब दिन की गर्मी कम होने लगी है और सुबह-शाम सर्दी का असर महसूस होने लगा है. आने वाले दिनों में हल्की धुंध और बढ़ सकती है. जिससे मौसम पूरी तरह सर्दी की ओर मुड़ने की संभावना है.
फरीदाबाद और गुरुग्राम में हवा आज फिर जहरीली हो गई है. लोगों को सांस लेना तक मुश्किल हो रहा है. दिल्ली-एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण का असर हरियाणा के इन दोनों साफ दिख रहा है. आज यानि सोमवार को फरीदाबाद का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 270 दर्ज किया गया, जो कि गंभीर श्रेणी में आता है. हालांकि, शहर के अलग-अलग इलाकों में हवा की गुणवत्ता अलग रही कहीं थोड़ी राहत दिखी तो कहीं हालात बेहद खराब बने हुए हैं.इसी तरह गुरुग्राम जिले का aqi लेवल सुबह समय 200 के करीब दर्ज किया गया है.वही जींद जिले का अधिकतम AQI लेवल 441 दर्ज की गई है जबकि अंबाला जिले में AQI लेवल 224 दर्ज किया गया है. वही स्वास्थ्य विशेषज्ञों का साफतौर पर कहना है कि इस स्तर का प्रदूषण फेफड़ों, आंखों और त्वचा पर सीधा असर डालता है. बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों के लिए यह हवा बेहद खतरनाक है. डॉक्टरों ने सलाह दी है कि ऐसे दिनों में लोग बिना जरूरत घर से बाहर न निकलें. सुबह और शाम के समय टहलने या दौड़ने से बचें क्योंकि उस समय हवा में प्रदूषण का स्तर ज्यादा होता है. बाहर निकलते समय हमेशा मास्क पहनें और बच्चों को खास तौर पर प्रदूषण से बचाएं.
