जेएलएन नहर में मिले 4 दिन पहले मिली लाश की पहचान झज्जर के बिरधाना गांव के जयवीर के रूप में हुई है। जयवीर 23 नवंबर की शाम को लापता हाे गया था। पिछले तीन दिन से परिजन जयवीर की तलाश में लगे हुए थे।
मीडिया में खबर आने के बाद जब परिजनों को पता चला कि मृतक के हाथ पर जयवीर लिखा है। इसके बाद वो आईएमटी थाने पहुंचे। पीजीआई पहुंचकर शव की शिनाख्त की। परिजनों मुताबिक, जयवीर का गांव के ही कुछ युवकों के साथ पैसे के लेनदेन को लेकर विवाद चल रहा था। ऐसे में परिजनों ने जयवीर की हत्या करने का शक गांव के युवकों पर जताया है। पुलिस ने पाेस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया। आईएमटी थाना पुलिस हत्यारों की गिरफ्तारी के लिए संभावित स्थानों पर दबिश दे रही है।
पुलिस के अनुसार, झज्जर के गांव बिरधाना का 47 वर्षीय जयवीर खेतीबाड़ी का काम करता था। उसके परिवार में पत्नी के अलावा दो साल का बेटा व 17 साल बेटी है। हर रोज की तरह 23 की शाम को जयवीर घर से खेत गया था। शाम के समय जयवीर खेत से घर वापस नहीं गया। परिजन लगातार उसे फोन लगाते रहे, लेकिन किसी ने भी फोन रिसीव नहीं किया। 25 की शाम को फोन बंद हो गया।
इसके बाद परिजनों की चिंता बढ़ गई। उन्होंने मीडिया के माध्यम से रोहतक में लाश मिलने का पता चला तो पुलिस के पास पहुंचे। यहां आने के बाद मृतक की पहचान हुई। वहीं, परिजनों ने गांव के जिन युवकों पर हत्या का शक जताया है आईएमटी थाना पुलिस उनकी तलाश में छापेमारी कर रही है।
24 नवंबर की शाम को जेएलएन के किनारे आईजी ऑफिस के पास एक व्यक्ति का शव मिला था। मृतक के सिर में चोट निशान थे। पुलिस जांच में सामने आया था कि ईंट-पत्थरों से वार कर हत्या की गई थी। मृतक के हाथ पर जयवीर लिखा था। इस दिशा में कार्रवाई करते हुए आईएमटी थाना पुलिस ने इस गुत्थी को सुलझा दिया।
