हरियाणा में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। केंद्र सरकार द्वारा फ्यूल टैक्स में इजाफा किए जाने और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बाद प्रदेशभर में पेट्रोल-डीजल के रेट करीब 3-3 रुपए प्रति लीटर तक बढ़ गए हैं। कई जिलों में पेट्रोल की कीमत 100 रुपए प्रति लीटर के करीब पहुंच गई है।
रोहतक में डीजल की कीमत 88.14 रुपए से बढ़कर 91.14 रुपए प्रति लीटर हो गई है। वहीं पेट्रोल 95.70 रुपए से बढ़कर 98.70 रुपए प्रति लीटर पहुंच गया है। पावर पेट्रोल की कीमत 104.51 रुपए से बढ़कर 107.50 रुपए प्रति लीटर हो गई है।
फतेहाबाद में पेट्रोल 99.40 रुपए प्रति लीटर तक पहुंच गया है, जबकि सिरसा में पेट्रोल 99.73 रुपए प्रति लीटर दर्ज किया गया। अधिकांश शहरों में डीजल के दाम भी 90 रुपए प्रति लीटर के पार चले गए हैं। पंचकूला में डीजल का नया रेट 91.73 रुपए प्रति लीटर हो गया है।
हरियाणा के प्रमुख शहरों में पेट्रोल के नए रेट (रुपए प्रति लीटर)
- रोहतक – 98.70
- पानीपत – 97.88
- गुरुग्राम – 98.29
- पंचकूला – 99.31
- रेवाड़ी – 98.07
- फतेहाबाद – 99.40
- हिसार – 99.02
- भिवानी – 98.88
- फरीदाबाद – 98.95
- कुरुक्षेत्र – 98.95
- कैथल – 98.45
- सिरसा – 99.73
- करनाल – 98.08
- नारनौल – 98.54
हरियाणा के प्रमुख शहरों में डीजल के नए रेट (रुपए प्रति लीटर)
- रोहतक – 91.14
- पानीपत – 90.33
- गुरुग्राम – 90.77
- पंचकूला – 91.73
- रेवाड़ी – 90.50
- फतेहाबाद – 91.01
- हिसार – 91.63
- भिवानी – 91.34
- फरीदाबाद – 91.39
- कुरुक्षेत्र – 90.90
- कैथल – 90.91
- सिरसा – 92.14
- करनाल – 90.55
- नारनौल – 91.01
CNG भी हुई महंगी
पेट्रोल-डीजल के साथ-साथ CNG की कीमतों में भी 2 रुपए प्रति किलो की बढ़ोतरी की गई है। इससे आम लोगों के घरेलू बजट और परिवहन खर्च पर अतिरिक्त बोझ बढ़ेगा।
हर दिन करोड़ों रुपए का बढ़ेगा अतिरिक्त खर्च
हरियाणा में प्रतिदिन करीब 48.04 लाख लीटर पेट्रोल और 1.20 करोड़ लीटर डीजल की खपत होती है। नए रेट लागू होने के बाद लोगों को केवल पेट्रोल पर प्रतिदिन औसतन 1.44 करोड़ रुपए अतिरिक्त खर्च करने पड़ेंगे। वहीं डीजल पर यह अतिरिक्त बोझ करीब 3.6 करोड़ रुपए प्रतिदिन तक पहुंच सकता है।
क्यों बढ़े तेल के दाम?
इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल को माना जा रहा है। ईरान और अमेरिका के बीच तनाव बढ़ने के बाद क्रूड ऑयल की कीमतें 70 डॉलर प्रति बैरल से बढ़कर 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई हैं। तेल कंपनियों पर बढ़ते दबाव और घाटे की भरपाई के लिए पेट्रोल-डीजल के दामों में यह बढ़ोतरी की गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी लंबे समय तक बनी रहती है, तो आने वाले दिनों में पेट्रोल-डीजल के दामों में और बढ़ोतरी हो सकती है।
