हरियाणा सरकार ने राज्य को गड्ढा मुक्त बनाने के अभियान के तहत सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने बुधवार को “म्हारी सड़क” एप की मासिक समीक्षा बैठक में साफ निर्देश दिए कि सड़क मरम्मत से जुड़ी शिकायतों के निपटारे में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में भिवानी, हिसार, फतेहाबाद, रोहतक, गुरुग्राम, करनाल और पानीपत जिलों के 12 से अधिक अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश जारी किए गए हैं।
सरकार की समीक्षा में सामने आया कि कई मामलों में शिकायतों को संबंधित विभागों ने अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर बताकर बार-बार अन्य विभागों को भेजा, जिससे समाधान में देरी हुई। इस पर मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताते हुए अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के निर्देश दिए।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार अब तक राज्य में 63,389 किलोमीटर लंबाई की 1,43,065 सड़कों की मैपिंग की जा चुकी है। वहीं “म्हारी सड़क” एप पर दर्ज 31,939 शिकायतों का समाधान किया जा चुका है।
मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि यदि कोई ठेकेदार या एजेंसी निर्धारित समय में सड़क मरम्मत नहीं करती है तो उसकी बैंक गारंटी जब्त की जाए। साथ ही टेंडर प्रक्रिया को अधिकतम 10 दिन में पूरा करने के आदेश भी दिए गए हैं।
सरकार का कहना है कि इन सख्त कदमों से सड़क निर्माण की गुणवत्ता में सुधार होगा और जनता को बेहतर यातायात सुविधा मिलेगी।
