सीतापुर जिले के थाना मछरेहटा के सूरजपुर निवासी अनुज कुमार का दो माह का बालक बृहस्पतिवार शाम 7:00 बजे घर के अंदर बेड पर लेटा था। उसको अचानक बंदर उठा ले गए।
बंदरों ने मासूम को ले जाकर छत पर रखे पानी से भरे ड्रम में डाल दिया जिससे बच्चे की मौत हो गई।
घरवालों ने बच्चे के न दिखने पर इधर-उधर ढूंढना शुरू किया तो छत पर रखे ड्रम में बच्चा मृत मिला।
परिजनों ने शुक्रवार सुबह पुलिस को सूचना दी है।
यह पूरा मामला सीतापुर के मछरेहटा थाना क्षेत्र का है. मछरेहटा इलाके के सूरजपुर गांव में अनुज कुमार परिवार सहित रहते हैं. अनुज कुमार को एक बेटा हुआ है. परिजनों ने बताया कि गुरुवार अनुज का दो माह का बेटा शाम को बेड पर सो रहा था. इस दौरान घर में बंदरों का झुंड आ गया. बंदर मासूम बच्चे को छत पर उठा ले गए. बच्चे को बंदरों ने छत पर रखे पानी के ड्रम में डाल दिया. इससे बच्चे की मौत हो गई. घर वालों ने बच्चे के न दिखने पर इधर-उधर तलाश शुरू की. जब घर वाले छत पर गए तो देखा मासूम बच्चा पानी के ड्रम में मृत पड़ा है.
थाना अध्यक्ष मछरेहटा ने बताया कि घटना गुरुवार शाम की है. परिजनों ने पुलिस को बिना बताए ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया. वहीं, इस घटना से गांव में दहशत का माहौल है. गांव वालों का कहना है कि बंदरों का आतंक काफी समय से बना हुआ है. बंदर अक्सर झुंड में आते हैं और घरों का सामान उठा ले जाते हैं. कई बार गांव वालों पर हमला भी कर देते हैं. ग्रामीणों ने बताया कि प्रशासन से भी कई बार शिकायत की गई, कोई प्रशासन की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया.
गांव वालों ने प्रशासन से मांग की है कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए कुछ कदम उठाए जाएं. वन विभाग को भी कदम उठाना चाहिए. मासूम की मौत के बाद गांव में दहशत का माहौल है. परिवार सदमे में है. जिला प्रशासन का कहना है कि अभियान चलाकर बंदरों को पकड़ा जाएगा. वन विभाग की टीम को भी सूचित कर दिया गया है.

