रोहतक में हरियाणा शिक्षा विभाग कर्मचारी तालमेल कमेटी ने सरकार के खिलाफ आंदोलन की घोषणा कर दी है। 12 मई को शिक्षक डायरेक्टर ऑफिस पर विरोध प्रदर्शन करेंगे, जबकि 20 मई को राष्ट्रव्यापी हड़ताल में भाग लिया जाएगा। अगर सरकार ने इसके बाद भी मांगें पूरी नहीं करती तो आंदोलन की अगली रणनीति तय की जाएगी।
रोहतक के कर्मचारी भवन में हुई मीटिंग के दौरान हरियाणा स्कूल शिक्षक संघ के प्रधान प्रभुसिंह व सर्व कर्मचारी संघ के पूर्व महासचिव सत्यपाल सिवाच ने कहा कि बीजेपी सरकार सरकारी विभागों को सिकोड़ना और तोड़ना चाहती है, जिसके उदाहरण आए दिन सबके सामने है। सरकारी स्कूलों में लगातार सरकार की शिक्षा विरोधी नीतियों से छात्र संख्या गिराई जा रही है।
सत्यपाल सिवाच ने कहा कि सेवादार, स्वीपर, चौकीदार, माली, पियून, लिपिक, शिक्षक सहित स्कूल व दफ्तर प्रभावित हो रहे हैं। अपनी विभागीय मांगों के साथ-साथ सभी को एक मंच पर आकर सरकारी विभाग बचाने की जरूरत है। अगर विभाग बचेंगे तो ही रोजगार बचेगा। इसके साथ ही आंदोलन का ऐलान किया गया।
सत्यपाल सिवाच ने कहा कि आंदोलन से पहले 2 मई को विभागों में गेट मीटिंग कर विभागाध्यक्ष को हड़ताल का नोटिस दिया जाएगा। इसके बाद 12 मई को डायरेक्टर दफ्तर पंचकूला पर रोष प्रदर्शन कर अपनी आवाज को बुलंद किया जाएगा। साथ ही 20 मई को होने वाली राष्ट्रव्यापी हड़ताल में शामिल होकर कर्मचारियों की एकजुटता दिखाई जाएगी।
सत्यपाल सिवाच ने कहा कि निजीकरण की नितियों पर रोक लगाई जाए, छंटनी ग्रस्त की बहाली, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 पर रोक, सभी खाली पदों पर स्थायी भर्तियां व पदोन्नतियां, वर्कलोड अनुसार नए पद व सेवा नियम, नियमितिकरण की नीति, चिराग योजना को वापिस लिया जाए, स्कूल मर्जर पर रोक, पुरानी पेंशन बहाली, ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी समीक्षा कर विकेन्द्रीकृत तबादला नीति व तत्काल ट्रांसफर की मांग की गई।

