रोहतक जिले में मांगों को लेकर हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल वर्कर्स यूनियन के सदस्यों ने विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए डीसी आफिस पहुंचे और डीसी के माध्यम से सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा।

यूनियन के प्रदेश चेयरमेन सत्यपाल शर्मा ने बताया कि पब्लिक हेल्थ, बागवानी, बीएंडआर, इलैक्ट्रिक पंचायती विभाग के सभी पदाधिकारियों व कर्मचारियों ने एकजुट होकर केंद्रीय कमेटी के निर्देशानुसार 21 सूत्रीय मांग पत्र को लेकर प्रदर्शन किया। अगर सरकार ने उनकी मांग पूरी नहीं की तो आने वाले समय में बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
सत्यपाल शर्मा ने कहा कि सीएम ने हरियाणा विधानसभा में हरियाणा कौशल रोजगार निगम के 1.20 लाख कर्मचारियों को सुरक्षा गांरटी दी थी। परंतु सरकार बनने पर मुख्यमंत्री द्वारा सिंचाई विभाग, बी एंड आर, पशुपालन, बिजली विभाग, वन विभाग आदि से लगभग तीन हजार के करीब कर्मचारियों को नौकरी से हटा दिया। सरकार की इस वादा-खिलाफी के विरोध में संगठन ने 27 जनवरी से 28 फरवरी तक प्रदेश के सभी जिलों पर रोष प्रदर्शन करने का कार्यक्रम तय कर रखा है।
सत्यपाल शर्मा ने बताया कि सरकार ने अगर 28 फरवरी तक हटाए गए कर्मचारियों को दोबारा नौकरी पर बहाल नहीं किया तो आने वाले समय में केंद्रीय कमेटी की बैठक कर प्रदेश स्तर पर बड़े आंदोलन की घोषणा की जाएगी। इसकी सारी जिम्मेदारी स्वयं सरकार की होगी।
