क्वार्टर एरिया में दो दिन से गलियों में भरा सीवरेज का पानी, दुकानदारों ने शटर गिराकर जताया विरोध; बेटी की शादी को लेकर महिलाओं ने जताई चिंता
हिसार के 12 क्वार्टर एरिया में बिना बारिश के ही गलियों में सीवरेज का गंदा पानी भर गया। पिछले दो दिनों से जलभराव की समस्या से परेशान लोगों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। लोगों ने अनोखे तरीके से विरोध प्रदर्शन करते हुए गली में खड़े गंदे पानी के बीच कुर्सियां डाल दीं और धरने पर बैठ गए।
प्रदर्शनकारियों ने विधायक सावित्री जिंदल और मेयर प्रवीण पोपली के पोस्टर भी जलभराव वाले स्थान पर लगा दिए। पोस्टर पर लिखा था- ‘इस जलभराव के लिए हम जिम्मेदार हैं’। लोगों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वहीं, विरोध के समर्थन में रोड के दुकानदारों ने अपनी दुकानों के शटर गिरा दिए और कारोबार बंद कर प्रदर्शन में शामिल हो गए।
‘अफसर आएं, नहीं तो दफ्तर घेरेंगे’
जलभराव से परेशान लोगों ने पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारियों को फोन कर समस्या का जल्द समाधान करने की मांग की। ‘जवाब दो हिसाब दो’ मंच से जुड़े ललित भाटिया, राजेंद्र यादव और अनिल कुंडू सहित दुकानदारों ने एक्सईएन और एसडीओ से जल्द पानी निकलवाने को कहा।
लोगों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया तो वे पब्लिक हेल्थ विभाग के कार्यालय का घेराव कर बड़ा प्रदर्शन करेंगे।
बेटी की शादी, महिलाओं को सता रही बारात की चिंता
जलभराव के कारण गांधी कॉलोनी की महिलाओं में भी नाराजगी है। महिलाओं ने बताया कि उनके घर में बेटी की शादी है और जल्द ही बारात आने वाली है। घर पर रिश्तेदार और मेहमान पहुंच रहे हैं, लेकिन उन्हें बदबूदार और गंदे पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है।
महिलाओं ने कहा कि अगर शादी के दिन भी यही हालात रहे तो बारात और मेहमान इस गंदे पानी से होकर कैसे गुजरेंगे। उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द समस्या का समाधान कराने की मांग की।
40 साल पुरानी सीवरेज लाइन पर हजारों घरों का बोझ
स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में करीब 40 साल पहले सीवरेज लाइन बिछाई गई थी। इसके बाद क्षेत्र में आबादी तेजी से बढ़ी और हजारों नए मकान बन गए, लेकिन सीवरेज व्यवस्था को उसी हिसाब से अपग्रेड नहीं किया गया।
लोगों का आरोप है कि स्थानीय पार्षद और नगर निगम अधिकारियों को कई बार समस्या से अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद स्थायी समाधान नहीं हुआ। जलभराव के कारण स्कूली बच्चों को भी परेशानी हो रही है।
इलाके में लाहौरिया स्कूल, सुमन स्कूल, आशा स्कूल और न्यू इंडिया कॉन्वेंट स्कूल समेत कई स्कूल हैं। बच्चों को रोजाना गंदे पानी के बीच से गुजरना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने इससे बीमारी फैलने का खतरा भी जताया है।
मेयर बोले- दोपहर तक समस्या का समाधान हो जाएगा
वहीं, मेयर प्रवीण पोपली ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है। उन्होंने बताया कि करीब दो घंटे पहले ही अधिकारियों से उनकी बातचीत हुई है। दोपहर तक जलभराव की समस्या का समाधान कर दिया जाएगा।
मेयर के अनुसार, सीवरेज लाइन की सफाई के दौरान कई बार दूसरी लाइन को बंद करना पड़ता है। रात में बंद की गई लाइन दोबारा शुरू नहीं हो पाई, जिसके कारण यह समस्या पैदा हुई।

