किला रोड बाजार को पूरी तरह से जाममुक्त और अतिक्रमण से छुटकारा दिलाने के लिए प्रशासन का मास्टर प्लान धरातल आ गया है। कार्रवाई से पहले नगर निगम की टीम ने मुनादी कराई और वीडियोग्राफी कराई है। बुधवार को नगर निगम की भूमि शाखा ने स्थायी-अस्थायी तौर से कब्जा करने वाले 250 से अधिक दुकानदारों को नोटिस थमाए गए हैं।नगर निगम के भूमि अधिकारी सुरेंद्र गोयल ने नोटिस जारी करते हुए सख्त हिदायत दी है।
जिलाधीश कैप्टन मनोज कुमार के हवाले से जारी किए नोटिस में दो टूक कहा है कि मुख्य सड़क पर कोई भी वाहन खड़ा नहीं होगा। यदि वाहन खड़ा हुआ मिला तो जब्त किया जाएगा। इसी तरह से दुकान-शोरूम के शटर से आगे दुकान, रेहड़ी, फड़ी, तख्त, डमी, स्टैंड आदि नहीं लगा सकेंगे। शटर से आगे लकड़ी-लोहे के शोकेस, अल्मारी, कच्चे-पक्के सभी कब्जे, छज्जे, सीढि़यां, रैंप नहीं निकाल सकेंगे। भूमि अधिकारी का कहना है कि मुख्य मार्ग पर किसी भी प्रकार के अवैध कब्जे बर्दाश्त नहीं होंगे। एसडीएम राकेश कुमार की कोर्ट ने भी कार्रवाई की रिपोर्ट 18 अप्रैल तक मांगी है। निगम ने 15 अप्रैल तक सभी प्रकार के अतिक्रमण, कब्जे स्वयं हटवाने का समय दुकानदारों को दिया है।
नगर निगम की भूमि शाखा का कहना है कि जो भी कार्रवाई होगी उसका हर्जाना-खर्चा भी वसूला जाएगा। दुकानदारों को दिए गए नोटिस में कहा है कि अतिक्रमण स्वयं नहीं हटवाएंगे तो पुलिस फौजदारी का केस दर्ज करेगी। इसके साथ ही जो भी कार्रवाई निगम करेगा, उस दौरान का हर्जाना-खर्चा भी दुकानदारों से ही वसूला जाएगा। उपायुक्त के साथ ही एसडीएम भी सीधे करा रहे निगरानी
पूरे मामले में पहली बार सीधे तौर से उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार निगरानी रख रहे हैं। एसडीएम राकेश कुमार भी इस प्रकरण पर नजर बनाए हुए हैं। अब बताया जा रहा है कि कुछ दुकानदार सीधे तौर से प्रशासन के समर्थन में आ गए हैं। हिसार में एक प्रतिष्ठान में हुई आगजनी की घटना को लेकर भी दुकानदार चितित हैं। दुकानदारों का तर्क है कि हिसार में जिस स्थान पर हादसा हुआ वहां ओपन स्पेस है। यदि किला रोड पर ऐसी दुर्घटना होती है तो बाजार को खाक होने बचाना मुश्किल होगा।
