युवा एवं खेल मंत्रालय ने 2025 के लिए राष्ट्रीय खेल पुरस्कारों की घोषणा कर दी है। इस साल देश के कुछ बेहतरीन खिलाड़ियों को उनके प्रदर्शन और योगदान के लिए मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। इस सूची में पेरिस ओलंपिक्स की डबल मेडलिस्ट मनु भाकर, शतरंज के सबसे युवा वर्ल्ड चैंपियन डी गुकेश, भारतीय हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह, और पैरा एथलीट प्रवीण कुमार जैसे बड़े नाम शामिल हैं।

मनु भाकर ने पेरिस ओलंपिक्स 2024 में शूटिंग में दो पदक जीतकर इतिहास रच दिया। वह एकल ओलंपिक में दो अलग-अलग मेडल जीतने वाली पहली भारतीय एथलीट बन गईं। पहले उनका नाम खेल रत्न पुरस्कार की सिफारिश सूची में नहीं था, जिस पर विवाद हुआ था। लेकिन बाद में मंत्रालय ने उनकी उपलब्धियों को ध्यान में रखते हुए उन्हें खेल रत्न से सम्मानित करने का फैसला किया।
डी गुकेश ने महज 18 साल की उम्र में शतरंज में वर्ल्ड चैंपियन का खिताब जीतकर इतिहास रचा। वह शतरंज के सबसे युवा वर्ल्ड चैंपियन बने और भारत का नाम पूरी दुनिया में रोशन किया।
डी गुकेश ने महज 18 साल की उम्र में शतरंज में वर्ल्ड चैंपियन का खिताब जीतकर इतिहास रचा। वह शतरंज के सबसे युवा वर्ल्ड चैंपियन बने और भारत का नाम पूरी दुनिया में रोशन किया।
भारतीय हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने पेरिस ओलंपिक्स में अपनी कप्तानी में टीम को ब्रॉन्ज मेडल दिलाया। यह लगातार दूसरा मौका था जब भारतीय हॉकी टीम ने ओलंपिक्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता।
पैरालंपिक्स के टी64 कैटेगरी में हाई-जम्प प्रतियोगिता में प्रवीण कुमार ने गोल्ड मेडल जीतकर देश को गौरवान्वित किया। उनकी इस उपलब्धि के लिए उन्हें खेल रत्न से सम्मानित किया जाएगा।
खेल रत्न पुरस्कार का सम्मान समारोह 17 जनवरी 2025 को राष्ट्रपति भवन में आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम दोपहर 11 बजे से शुरू होगा, जहां राष्ट्रपति इन खिलाड़ियों को सम्मानित करेंगे।
खेल मंत्रालय ने अर्जुन पुरस्कार के लिए भी कुल 32 एथलीटों की सूची जारी की है। इनमें 17 पैरा एथलीट भी शामिल हैं। अर्जुन पुरस्कार पाने वाले एथलीटों की सूची ने भी खेल जगत में खुशी की लहर दौड़ा दी है।
इन खेल रत्न पुरस्कार विजेताओं ने न केवल खेल जगत में अद्वितीय प्रदर्शन किया है, बल्कि उन्होंने देश के लिए गौरवशाली क्षण भी बनाए हैं। उनके सम्मान से अन्य खिलाड़ियों को प्रेरणा मिलेगी और भारत में खेलों को और बढ़ावा मिलेगा।
