पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में गिरफ्तार यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा की आज हिसार कोर्ट में पेशी हुई। रिमांड पूरा होने के बाद पहली बार ज्योति को कोर्ट में शारीरिक रूप से पेश किया गया। बताया जा रहा है कि 95 दिनों बाद वह जेल से बाहर आईं और कोर्ट में पेश हुईं। आखिरी बार वह 22 मई को कोर्ट में पेश हुई थी। आज (सोमवार) सुनवाई करीब ढाई घंटे चली। पेशी के बाद पुलिस उसे वापस जेल ले गई। इससे पहले ज्योति की सात बार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेशी हो चुकी थी।
16 मई 2025 को ज्योति को पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। ज्योति मल्होत्रा के वकील कुमार मुकेश ने बताया कि अभी हमें चालान की प्रति नहीं मिली है। अदालत ने कहा है कि पुलिस की अर्जी पर सुनवाई के बाद चालान की प्रति मिलेगी। पुलिस इस मामले में देरी करना चाहती है। दोपहर बाद हम अदालत में चालान की प्रति के लिए मांग करेंगे। चार्जशीट पढ़ने के बाद ही कोर्ट में जमानत याचिका दायर की जाएगी। ज्योति की अगली पेशी 3 सितंबर को फिर से शारीरिक रूप से होगी।
इस मामले में हिसार के एसपी शशांक कुमार सावन ने एसआईटी का गठन किया था। ज्योति की गिरफ्तारी के 90वें दिन 14 अगस्त को एसआईटी ने चार्जशीट दाखिल की थी। पुलिस की एसआईटी ने जांच पूरी करने के बाद 14 अगस्त को करीब 2500 पेज की चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। एसआईटी ने तीन महीने की जांच के बाद यह चार्जशीट तैयार की है।
यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा के पिता हरीश मल्होत्रा 9 अगस्त को जेल में ज्योति से राखी बंधवाने पहुंचे थे। जेल में पिता को राखी बांधते समय ज्योति की आंखों से आंसू छलक पड़े। पिता ने हौसला बढ़ाया तो वह उनके गले लगकर फूट-फूटकर रो पड़ी। पिता ने ज्योति से कहा कि तुम जल्द ही जेल से बाहर आ जाओगी। ज्योति के पिता हरीश मल्होत्रा अपनी बेटी पर लगे आरोपों को गलत बता चुके हैं और राष्ट्रपति को पत्र लिखकर न्याय की गुहार लगा चुके हैं।

