हरियाणा के अस्पतालों में डायटीशियन चार्ट जरूरी कर दिया गया है। सूबे के गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने इस बाबत निर्देश जारी कर दिए हैं। साथ ही उन्होंने हिदायत दी है कि जो गैर सरकारी सामाजिक संगठन (NGO) राज्य के सिविल अस्पतालों में खाना देते हैं उन्हें भी चार्ट को फॉलो करना होगा।
बीमारी के दौरान यदि व्यक्ति को संतुलित आहार दिया जाएगा तो उसकी रिकवरी की संभावनाएं ज्यादा हो जाती हैं। मंत्री विज ने कहा कि कई शोधों में यह खुलासा हो चुका है कि संतुलित आहार लेने वाले लोगों का इम्यून सिस्टम ज्यादा अच्छा होता है। इसलिए ये फैसला लिया गया।
उन्होंने कहा है कि विभाग की ओर से आदेश दिया गया है कि अगर कोई गैर-सरकारी संगठन सिविल अस्पतालों में मरीजों को भोजन उपलब्ध करा रहा है, तो उन्हें डायटीशियन को नियुक्त करना चाहिए। साथ ही आहार विशेषज्ञ की अनुमति के बिना कोई भोजन नहीं देना चाहिए।
उन्होंने कहा है कि विभाग की ओर से आदेश दिया गया है कि अगर कोई गैर-सरकारी संगठन सिविल अस्पतालों में मरीजों को भोजन उपलब्ध करा रहा है, तो उन्हें डायटीशियन को नियुक्त करना चाहिए। साथ ही आहार विशेषज्ञ की अनुमति के बिना कोई भोजन नहीं देना चाहिए।
हरियाणा के अस्पतालों में जल्द ही ई-लाइब्रेरी भी शुरू होने जा रही है। इस योजना से राज्य के मेडिकल कालेज भी जुड़े। विज कह चुके हैं कि वह चाहते हैं कि राज्य की प्रत्येक PHC व अस्पताल ई-उपचार से जुड़ा होना चाहिए और इस कवायद की ओर स्वास्थ्य विभाग आगे बढ़ रहा है।
