फरीदाबाद: राज्य व केंद्र सरकारों द्वारा वाहनों पर टोल के माध्यम से शुल्क लगाया जाता है जिस शुल्क से सड़कों का विकास किया जाता है परंतु आए दिन टोल पर गुंडागर्दी की घटनाएं सामने आती रहती है
ऐसा ही एक मामला है पाली क्रेशर जोन स्थित टोल का जहां पर कुछ स्थानीय MAV मालिकों द्वारा टोल का पूरा टैक्स नहीं दिया जाता, जबकि टोल मैनेजर ने बताया कि उनकी कंपनी के चार टोल है जिनमें आप एक जो पर्ची आप कटवाएंगे उसे किसी भी टोल पर जा सकते हैं लेकिन mav गाड़ियां वाले मालिक या ड्राइवर पूरा टोल नहीं देते इस बात की शिकायत एसडीएम सीपी ऑफिस एसएचओ आदि से भी की जा चुकी है
वही मैनेजर ने बताया कि सिंगल प्लाजा का जो टोल है महीने का वह 7500 रुपए लगता है परंतु स्थानीय ट्रक मालिक ₹3200 देते हैं जो मानकों के अनुरूप नहीं है जिसकी वजह से कंपनी को लगातार घाटा चल रहा है वही मैनेजर ने खुद पर लगे आरोपों के बारे में कहा कि 2016 में उनकी किसी से कोई मीटिंग नहीं हुई और वह टोल अपनी मर्जी से नहीं बढ़ाते।
हरियाणा सरकार द्वारा गजट नोटिफिकेशन में जो मानक तय किए गए हैं उन्हीं मानकों के अनुरूप टोल लिया जाता है तथा 3 साल में एक बार रेट बढ़ाया जाता है और कमर्शियल गाड़ियां पूरे राज्य में क्या पूरे देश में कहीं भी टोल फ्री नहीं होती परंतु स्थानीय MAV मालिक तथा नेता लोगों को गुमराह कर हरियाणा सरकार तथा टोल कंपनी को लगातार घटा पहुंचा रही है
साथ ही टोल को उखाड़ फेंकने और टोल पर कर्मचारियों के साथ अभद्रता करने की लगातार धमकी देते रहते हैं।बहुत बार यह स्थानीय ट्रक मालिक बूम हिट की घटनाओं को भी अंजाम दे देते हैं जिसकी शिकायत पुलिस से की जा चुकी है वहीं पुलिस ने MAV मालिकों को कई बार थाने बुलाया परंतु यह लोग थाने भी नहीं पहुंचे। अब देखना होगा प्रशासन ऐसे लोगों पर क्या कार्रवाई करता है
