रोहतक के सांपला शहर में अग्निपथ के खिलाफ चल रहे धरने को 29 दिन हो चुके हैं। धरने में अनेक लोग भाग ले रहे हैं और अग्निपथ योजना का विरोध करने के साथ-साथ बेरोजगारी को लेकर भी सरकार को घेरा जा रहा है, ताकि सरकार युवाओं के भविष्य को देखते हुए अग्निपथ योजना वापस ले और युवाओं को रोजगार देने के लिए कदम उठाए।संयुक्त युवा बेरोजगार मोर्चा के धरना संयोजक मीत मान व धनखड़ खाप प्रधान डॉ. ओमप्रकाश ने कहा कि सरकार कह रही है कि 10 लाख युवकों ने साढ़े 3 हजार पदों के लिए फॉर्म भरे हैं। सरकार इसे योजना का समर्थन बता रही है, जबकि असलियत यह है कि मात्र साढ़े तीन हजार पदों के लिए 10 लाख युवाओं ने फॉर्म भरा, जो बेरोजगारी को साफ दर्शा रहा है।
जिस दिन यह भर्ती पूरी होगी, उस दिन सिर्फ साढ़े तीन हजार युवक ही नौकरी लगेंगे, बकाया सभी युवा बेरोजगार रह जाएंगे। क्या यह बात सरकार को समझ नहीं आ रही या सरकार समझना ही नहीं चाहती। इसलिए जब तक सरकार अग्निपथ भर्ती योजना को वापस नहीं लेती और युवाओं को रोजगार नहीं देती, तब तक हमारा यह धरना प्रदर्शन जारी रहेगा।
अग्निपथ योजना के विरोध में चल रहे धरने को मजबूत करने के लिए गांव-गांव जाकर एक अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत धरना स्थल से विभिन्न टीमें गांव-गांव जा रही हैं और लोगों को अग्निपथ योजना की खामियों के बारे में बता रही हैं। साथ ही लोगों को धरने पर पहुंचने व अग्निपथ योजना का विरोध करने के लिए आमंत्रित किया जा रहा है।
