रोहतक में NEET UG परीक्षा का आयोजन राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) द्वारा 3 मई को किया जाएगा। तैयारियों को लेकर नायब सिंह सैनी ने डीसी सचिन गुप्ता को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। परीक्षा को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने की जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी।
सीएम ने निर्देश दिए कि परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्रों पर सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं। अभिभावकों के लिए परीक्षा केंद्रों के पास ठहरने और पार्किंग की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। यातायात व्यवस्था सुचारु रखी जाए, ताकि किसी भी परीक्षार्थी को समय पर केंद्र तक पहुंचने में परेशानी न हो।
साथ ही, पुलिस को सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं। ड्यूटी पर तैनात सभी अधिकारी पूरी जिम्मेदारी से कार्य करें। परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे और जैमर समय पर स्थापित किए जाएं, ताकि परीक्षा निष्पक्ष और सुरक्षित ढंग से संपन्न हो सके।
डीसी सचिन गुप्ता ने बताया कि नीट परीक्षा का आयोजन नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा 3 मई को दोपहर बाद 2 बजे से सायं 5 बजे तक ऑफलाइन मोड में करवाया जाएगा। परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्रों पर सुबह 11 बजे से डेढ़ बजे तक पहुंचना होगा और डेढ़ बजे के बाद परीक्षा केंद्रों में प्रवेश बंद कर दिया जाएगा। जिले में नीट परीक्षा के लिए 17 परीक्षा केंद्र स्थापित किए गए है, जिन पर 5307 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे।
डीसी सचिन गुप्ता ने बताया कि परीक्षार्थियों के साथ आने वाले अभिभावकों को ठहरने व वाहन पार्किंग के लिए परीक्षा केंद्रों के नजदीक पार्किंग स्थलों की पहचान की रही है। यातायात व्यवस्था को दुरुस्त रखा जाएगा, ताकि परीक्षार्थी लेट ना हो। परिवहन विभाग द्वारा सिटी बसों के रूट परीक्षा केंद्रों को मद्देनजर रखते हुए निर्धारित किए जाएंगे।
राष्ट्रीय टेस्टिंग एजेंसी के निदेशक अभिषेक सिंह ने कहा कि एनटीए द्वारा नीट परीक्षा के सभी आवश्यक प्रबंध किए गए है। बायोमेट्रिक सुविधा को दोगुना किया और सुरक्षा जांच के लिए पुरुष व महिलाओं हेतु अलग-अलग जांच बॉक्स लगाए जाएंगे। प्रत्येक 100 परीक्षार्थियों के लिए एक सुरक्षा जांच बॉक्स लगाया जाएगा और 48 परीक्षार्थियों की बायोमेट्रिक के लिए एक उपकरण लगाया जाएगा।
अभिषेक सिंह ने कहा कि एनटीए द्वारा 30 अप्रैल तक संबंधित परीक्षा केंद्रों तक सीसीटीवी कैमरे, जैमर, बायोमेट्रिक व सुरक्षा जांच के उपकरण पहुंचा दिए जाएंगे। एजेंसी को निर्देश मिले कि वे जैमर को परीक्षा के दिन दोपहर बाद 1:45 मिनट पर शुरू करें ताकि बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन में किसी प्रकार की असुविधा न हो।

