हरियाणा के रोहतक जिले के अफसरों को जिले सबसे बड़े अधिकारी यानि डिप्टी कमिश्नर के आदेश की कोई परवाह नहीं। 5 दिन पहले डीसी ने शहर में बरसाती पानी भर जाने की वजह से हुई लोगों को परेशानी के चलते अधिकारियों की आपातकालीन बैठक ली थी। आदेश दिए थे कि शहर में कहीं भी पानी जमा नहीं होना चाहिए। सभी मैनहोल के ढक्कन ढके हुए होने चाहिए। अगर ऐसा नहीं होता है और इनकी वजह कोई हादसा हो गया तो संबंधित विभाग के अधिकारी पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज होगा, मगर अधिकारियों के कानों पर इन आदेशों की जूं तक नहीं रेंगी। इसका खामियाजा आज हुई बरसात के चलते लोगों को भुगतना पड़ा। यहां तक कि एक बारात को भी परेशान होना पड़ा।
गुरुवार सुबह करीब 11 बजे मौसम ने अपना रूख बदला और तीन घंटे तक बरसात हुई। बारिश जिले के आउटर में कम हुई है। जबकि शहर में भी अलग अलग गति के साथ बारिश हुई है। डी-पार्क से दिल्ली बाइपास की तरफ बारिश कुल 4.3 एमएम रही तो वहीं, डी-पार्क से सिटी थाना तक भारी बारिश हुई है। यह बारिश अनुमानित 30 एमएम हुई है। इस बारिश ने शहर में सुभाष चौक से कोर्ट चौक, सैनीपुरा रोड, न्यू राजेंद्रा कॉलोनी, आकाशवाणी के पास, गोहाना रोड, रेलवे रोड, बाबरा मोहल्ला, छोटूराम चौक से शांतमई चौक, रेलवे रोड, किला रोड, भिवानी रोड स्थित ट्रांसपोर्ट नगर, हिसार रोड स्थित पालिका कॉलोनी, तिलियार कम्युनिटी सेंटर के पास जलभराव हो गया। जलभराव में से निकलने के दौरान कई दुपहिया वाहन व ऑटो बंद हो गए, जिन्हें चालक खींचकर ले जाने को मजबूर हुए। वहीं जल निकासी के लिए जनस्वास्थ्य विभाग और नगर निगम द्वारा किए गए इंतजाम नाकाफी साबित हुए।
एक ओर जहां पूरे शहर में जलभराव की स्थिति बन गई है, वहीं, एक दूल्हे को अपनी बारात को भी भरे बरसाती पानी में से लेकर जानी पड़ी वह मजबूर था और अधिकारियों को लोगों की समस्याओं और मजबूरी से कोई लेना-देना नहीं होता है, क्योंकि अफसरों के कार्यालयों में बरसाती पानी नहीं भरता है।
अधिकारियों को दिया समय खत्म, आज शाम को करेंगे समीक्षा
वहीं, इस बारे में डीसी कैप्टन मनोज कुमार ने फिर से अपना बयान दिया है कि अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दे दी गई थी। फिर भी कोई कोताही करेगा, तो उसका परिणाम वह खुद ही भुगतेगा। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। सभी अधिकारियों को पिछली मीटिंग में अपनी कार्यशैली सुधारने के लिए एक सप्ताह का समय दिया था। आज वह समय पूरा हो चुका है। शाम को फिर से सभी के काम की समीक्षा कर आगामी निर्णय लिए जाएंगे।

