गांव चमारिया के पास रोहतक-पानीपत हाईवे पर ग्रामीणों ने रविवार सुबह से दोपहर तक चार घंटे जाम लगाए रखा। दरअसल ग्रामीण गांव चमारिया में गंदे पानी की निकासी न होने और टोल बचाने के लिए उनके गांव से गुजर रहे वाहनों को लेकर रोष में दिखे। ग्रामीणों द्वारा रास्ता बंद किये जाने के चलते हाईवे पर मकड़ौली टोल प्लाजा के दोनों ओर एक-एक किलोमीटर तक लम्बा जाम लग गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने काफी देर की मशक्कत से दोपहर ढाई बजे जाम को खुलवाया। इसके बाद भी काफी देर बाद तक ट्रैफिक सामान्य न हो सका।
हाईवे के पास स्थित गांव चमारिया के लोग सुबह ही हाईवे थे। लोगों ने बताया कि उनके गांव में गंदे पानी की निकासी का कोई प्रबंध नहीं किया गया है। सड़कें भी टूट चुकी हैं। इसके साथ-साथ मकड़ौली टोल पर टोल टैक्स से बचने के लिए रोजाना सैकड़ों वाहन उनके गांव से गुजर रहे हैं। प्रशासन और हाईवे आथिरिटी इन वाहनों को रोक नहीं पा रही है। इनसे गांव में हादसे की संभावना बनी रहती है, वहीं इनसे गांव की सभी सड़कें जर्जर हो गई हैं। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि अगर उनकी समस्या को नहीं सुना गया तो वे हाईवे से नहीं हटेंगे।
सुबह साढ़े दस से दोपहर ढाई बजे तक ग्रामीणों ने हाईवे को जाम रखा। रविवार का दिन होने की वजह से हाईवे पर वाहनों की संख्या जरूर कम थी, लेकिन इतनी देर के जाम के कारण दोनों लेन पर काफी दूर तक वाहनों की कतार लग गई। पुलिस के आश्वासन के बाद बड़ी मुश्किल से लोग हाईवे से हटे। इसके बाद पुलिस वाहनों को तेजी से निकालने के लिए हाईवे पर जुटी रही। दोपहर तीन बजे तक ट्रैफिक सामान्य हो सका।

