रोहतक डिवीजन में बिजली आपूर्ति के बहाली में लापरवाही पर हरियाणा के ऊर्जा मंत्री अनिल विज के निर्देश पर एक्शन शुरू हो गया है। रोहतक डिवीजन के अधिकारियों ने दो मामलों में एक जेई को चार्जशीट कर दिया है। वहीं एक लाइनमैन को निलंबित कर दिया गया है।
पूरी जानकारी ?
जांच में पाया गया कि जूनियर इंजीनियर विकास कौशिक और लाइनमैन रामबीर इन मामलों में लापरवाही के लिए जिम्मेदार थे। 1 फरवरी 2025 को सुबह 6:40 बजे हमायूपुर एपी फीडर की 11 केवी लाइन खराब हो गई थी। जिसे 10:25 बजे तक ठीक कर दिया गया, लेकिन प्रभावित क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति बहाल नहीं की गई। इससे जेई की उदासीनता स्पष्ट होती है।
क्षेत्र के प्रभारी होने के बावजूद उन्होंने व्यक्तिगत रूप से साइट का निरीक्षण नहीं किया, जिससे यह संकेत मिलता है कि उन्होंने शिकायतों के समाधान में रुचि नहीं ली। साथ ही, जेई द्वारा बिना पीटीडब्ल्यू मंजूरी के अपने अधीनस्थों को कार्य करने की अनुमति दी गई, जिससे गंभीर दुर्घटना का खतरा बना। इसे घोर लापरवाही माना गया है।
कार्यकारी अभियंता, रोहतक द्वारा लाइनमैन रामबीर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। जबकि जेई विकास कौशिक के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए मामला यूएचबीवीएन मुख्यालय, पंचकूला भेज दिया गया है।
यूएचबीवीएन पंचकूला ने मामले की समीक्षा के बाद जेई विकास कौशिक को चार्जशीट जारी कर 30 दिनों के भीतर स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए हैं। यदि निर्धारित समय सीमा में जवाब प्रस्तुत नहीं किया जाता है, तो इसे दोष स्वीकृति मानकर उनके विरुद्ध आगे की कार्रवाई की जाएगी।

