श्रावण माह में 11 से 23 जुलाई तक आयोजित होने वाली कांवड़ यात्रा में भाग लेने वाले कांवड़ियों की सुरक्षा व उनकी मूलभूत आवश्यकताओं को लेकर पुलिस व प्रशासन अलर्ट है। कांवड़ यात्रा के मद्देनजर कुछ दिन के लिए शहर में भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने का फैसला लिया गया
पुलिस आयुक्त ममता सिंह व उपायुक्त सुशील सारवान ने मंगलवार को अधिकारियों के साथ कांवड़ यात्रा की तैयारियों को लेकर लघु सचिवालय में समीक्षा बैठक की। पुलिस आयुक्त ने कहा कि जिले से गुजरने वाले कांवड़ियों को उनके गंतव्य स्थान तक सुरक्षित पहुंचाना हम सबकी जिम्मेदारी है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा के मद्देनजर कुछ दिन के लिए शहर में भारी वाहनों को प्रवेश न करने दें। पुलिस विभाग व अन्य विभाग आपसी तालमेल के साथ कार्य करें। कांवड़ यात्रा के समय ओवर स्पीड वाहनों के चालान किए जाएं। सभी वाहन चालक अपनी लेन में ही गाड़ी चलाएं। लेन बदलते समय सभी चालक ध्यान रखें कि वह बाएं तरफ से लेन न बदलें। पुलिस की गाड़ियां सुचारु रूप से गश्त करती रहें।
कांवड़ यात्रा के सभी रूट की समीक्षा कर अपनी तैयारियों को जांच लें जिसमें एनएच-334बी, जीटी रोड, केएमपी एक्सप्रेस वे व सोनीपत-गोहाना रोड शामिल रहेंगे। किसी भी प्रकार के नियमों का उल्लंघन न होने पाए इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा।
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी गाड़ी संचालकों से शपथ पत्र लेंगे कि उनकी तरफ से दी जाने वाली गाड़ी का चालक किसी भी प्रकार का कोई नशा नहीं करता है। गाड़ी में कांवड़ की ऊंचाई तय मानकों से ज्यादा न हो। गाड़ी में बजाए जाने वाले डीजे की आवाज तय सीमा से ज्यादा न हो।
उपायुक्त ने कहा कि वह कांवड़ियों के लिए शिविर लगाने वाली कमेटियों से सत्यापित पत्र लें कि उनके शिविर में कांवड़ियों के लिए सभी प्रकार की मूलभूत हैं। किसी भी तरह की दुर्घटना से निपटने के लिए शिविर तैयार है। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि शिविर रोड से 50 मीटर अंदर हो व शराब की दुकान शिविर के आसपास न हो।
अधिकारी से जांच करवानी होगी खाद्य सामग्री
उपायुक्त ने निर्देश दिए कि शिविर में प्रयोग होने वाली सामग्री को खाद्य सुरक्षा अधिकारी से जांच करवाएं, ताकि उसको खाने से किसी भी कांवड़िए का स्वास्थ्य खराब न हो। उन्होंने कहा कि वह संबंधित विभाग के कार्य क्षेत्र में आने वाले शिविर से संबंधित कार्यों की उन विभागों से जांच करवाकर उनसे एनओसी लें।
उपायुक्त ने कहा कि अधिकारी कांवड़ यात्रा के समय अपने मुख्यालय पर मौजूद रहें। किसी भी प्रकार की दुर्घटना से निपटने के लिए अपनी तैयारियों को जांच लें। किसी भी प्रकार की लापरवाही करने पर अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा। कार्रवाई के लिए तैयार रहें। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त लक्षित सरीन, उप पुलिस आयुक्त प्रबिना पी., नरेंद्र कुमार, कुशल सिंह, एसडीएम अंजली श्रोत्रिय, सुभाष चंद्र, निर्मल नागर, प्रवेश कादियान, नगराधीश डॉ. अनमोल भी मौजूद रहीं।

