रोहतक के गांव लाखनमाजरा निवासी सुशीला ने लाखनमाजरा थाने में शिकायत दी। शिकायत में बताया कि 15 जनवरी की रात को वह अपने कमरे में अकेली सो गई थी। सुबह करीब 5 बजे उठी। जब वह कमरे से बाहर निकलने लगी तो कमरे का दरवाजा बाहर से बंद था। इसके बाद वह चिल्लाने लगी। उसका शोर सुनकर पड़ोसियों ने दरवाजे की कुंडी बाहर से खोली और वह कमरे से निकली। उसने बाहर आकर देखा तो दूसरे कमरे में रखी अलमारी खुली पड़ी थी और अलमारी का सामान बिखरा हुआ था।
उन्होंने सामान चेक किया तो पाया कि एक सोने का कड़ा, एक जोड़ी कानों के बाले, एक सोने की अंगूठी, तीन नाक की सोने की लोंग, एक सोने का ओम, एक जोड़ी चांदी के पैरों की कड़ी, चार जोड़ी चांदी की पाजेब, एक चांदी का सिक्का, एक चांदी का बच्चे का कड़ा, एक जोड़ी चांदी की बच्चे की कड़ुली, एक चांद सूरज चांदी का तथा 40 हजार रुपए नकद नहीं मिले।
किसी अज्ञात व्यक्ति ने रात को घर में घुसकर चोरी की है। इसकी सूचना पुलिस को दे दी। सूचना पाकर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। वहीं डॉग स्कार्ड व फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट को बुलाया गया। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी।

