रोहतक जिले में इलेक्ट्रिक बसों को फायदा पहुंचाने के लिए रेलवे एलिवेटेड पुल के नीचे से सड़क को 2 फुट नीचे किया जा रहा है, ताकि बस पुल के नीचे से शहर के अंदर प्रवेश कर सके। अभी तक बस बाहरी क्षेत्र में ही दौड़ रही हैं, लेकिन बसों को शहर के अंदर से गुजारने के लिए ऐसा किया जा रहा है।
बता दें कि, दिल्ली रोड पर बजरंग भवन फाटक के पास एलिवेटेड रेलवे ब्रिज की हाइट कम है, जबकि इलेक्ट्रिक बसों की ऊंचाई अधिक है। 26 जनवरी को शहर में 5 इलेक्ट्रिक बसों का शुभारंभ किया गया था, लेकिन रेलवे ब्रिज की ऊंचाई कम होने के कारण बस पुल के नीचे से नहीं गुजर पा रही। अब लोक निर्माण विभाग ने बजरंग भवन फाटक के पास सड़क को दो फुट नीचे करने के लिए तोड़ दिया है।
इलेक्ट्रिक बसों को बस स्टैंड से मेडिकल तक और मेडिकल से सोनीपत स्टैंड व हिसार बाईपास तक चलाने के लिए सड़क ही हाइट को 2 फुट नीचे किया जा रहा है। हालांकि यह काम 2 दिन में पूरा करना था, लेकिन आज एक सप्ताह हो गया और अभी भी सड़क को तोड़ने का काम किया जा रहा है।
रोडवेज विभाग की तरफ से इलेक्ट्रिक बसों को केवल एमडीयू व पीजीआई तक दौड़ाने की योजना नहीं है। इन बसों को हिसार बाइपास तक चलाने की योजना है। इससे इलेक्ट्रिक बस डी पार्क से होते हुए अशोका चौक, सोनीपत स्टैंड, छोटूराम चौक, शांतमई चौक, भिवानी स्टैंड व पुराना बस स्टैंड होते हुए निकलते जिससे इस तरफ जाने वाले यात्रियों को इसका लाभ हो सकता है।
सड़क की हाइट दो फुट नीचे करने के बाद इसका फायदा दमकल विभाग को भी होगा, क्योंकि अभी तक दमकल विभाग की बड़ी गाड़ियों को घूमकर जाना पड़ता था। वहीं, स्लीपर कोच की बसों को भी सड़क ऊंची होने के कारण घूमकर जाना पड़ता था। ऐसे में हिसार, भिवानी व अन्य जिलों से आने वाली बसें अब शहर के अंदर से गुजर पाएंगी।
लोक निर्माण विभाग के XEN अरुण कुमार ने बताया कि शहर के सभी स्थानों पर इलेक्ट्रिक बस पहुंच सके, इसके लिए सड़क को रेलवे ओवर ब्रिज पास से डाउन किया जा रहा है। रोडवेज की तरफ से उन्हें सड़क डाउन करने के लिए पत्र मिला था ताकि बसों को रेलवे ब्रिज के नीचे से गुजरने में कोई परेशानी ना हो।
