हरियाणा के रेवाड़ी जिले में एक व्यापारी ने वेबसाइट पर ऐड देख माल ऑर्डर किया और 63 हजार से ज्यादा रुपए शातिर ठगों के अकाउंट में ट्रांसफर भी कर दिए, लेकिन न तो उसे माल मिला और न ही पैसे वापस मिले। धारूहेड़ा पुलिस ने केस दर्ज करके कार्रवाई शुरू कर दी है।
मिली जानकारी के अनुसार, रेवाड़ी में धारूहेड़ा स्थित वार्ड नंबर-10 में रहने वाले स्वर्ण सिंह ने 2 माह पहले ही बर्तन साफ करने वाले जूने और झाड़ू का व्यापार शुरू किया है। स्वर्ण सिंह के अनुसार, झाड़ू से संबंधित फेसबुक पर कुछ दिन पहले उसे एक वेबसाइट दिखाई दी। वेबसाइट पर सम का पता और कुछ जानकारी थी। एक ऐड भी था, जिस पर उसने क्लिक करके अपना नंबर डाल दिया। 2 दिन बाद ही उसके पास राजीबुल रहमान नामक शख्स का फोन आया और उसने खुद को कंपनी का मालिक बताते हुए बातचीत शुरू की और फिर उसकी बातों में आकर स्वर्ण सिंह ने 13 बोरे सामान का ऑर्डर कर दिया।
इसकी एवेज में राजीबुल रहमान ने 65 हजार 600 रुपए का बिल बनाकर उसके व्हाट्सऐप नंबर पर सेंड किया और फिर स्वर्ण सिंह ने 30 हजार खुद के आईसीआईसीआई बैंक के खाते से और 15 हजार रुपए भाई नीरज के फोन-पे के जरिए भेज दिए। फिर राजीबुल ने उसके पास एयर कार्गो पैकर्स और लॉजिस्ट का बिल भी भेजा।
इसके बाद उसके पास किसी गौरव शर्मा नामक शख्स का फोन आया, जिसने बताया कि उनका माल सम से आ रहा है, लेकिन सामान लेने से पहले 22 हजार रुपए ट्रांसफर करने होगे। स्वर्ण सिंह ने जब माल पहुंचने के बाद पैसे देने की बात की तो गौरव शर्मा ने किसी विजय शर्मा से कॉल पर ही कॉन्फ्रेंस में बात कराई।
इस दौरान कहा गया कि या तो 22 हजार भिजवा दो, वरना 1 हजार रुपए प्रतिदिन पैनल्टी लगेगी। उसकी बातों से स्वर्ण सिंह डर गया और फिर उसने उनके कहे अनुसार खाते में 12 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। अगले दिन फिर गौरव शर्मा ने उसके पास फोन किया और 5800 रुपए ट्रांसपोर्ट खर्च के नाम पर खाते में डलवा लिए। लेकिन आज तक उसके पास माल नहीं पहुंचा है। अब शातिर ठगों का नंबर भी बंद जा रहा है। स्वर्ण सिंह ने इसकी शिकायत धारूहेड़ा थाना में दर्ज कराई। पुलिस ने केस दर्ज कर मामले में कार्रवाई शुरू कर दी है

