चंडीगढ़। हरियाणा के सरकारी स्कूलों में पिछले करीब 20 वर्षों से सेवाएं दे रहे गेस्ट टीचर्स के लिए बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। अतिथि अध्यापकों के नियमितीकरण की मांग को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ प्रतिनिधिमंडल की अहम बैठक हुई है। इस बैठक के बाद गेस्ट टीचर्स को पक्का किए जाने की उम्मीद एक बार फिर बढ़ गई है।
जानकारी के मुताबिक, विधानसभा सत्र समाप्त होने के बाद सोमवार देर रात विधानसभा सचिवालय में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गेस्ट टीचर्स के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। बैठक देर रात तक चली, जिसमें अतिथि अध्यापकों से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा के साथ सरकार के कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। अतिथि अध्यापकों के मीडिया प्रभारी डॉ. अजय लोहान के मुताबिक, शिक्षा मंत्री ने मुख्यमंत्री के सामने गेस्ट टीचर्स का मुद्दा प्रमुखता से रखा और उनकी लंबे समय से चली आ रही मांगों से अवगत कराया।
गेस्ट टीचर्स लंबे समय से नियमित किए जाने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि वे करीब दो दशकों से प्रदेश के सरकारी स्कूलों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं, इसलिए सरकार को उनके भविष्य को सुरक्षित करने के लिए ठोस फैसला लेना चाहिए।
बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और मामले का जल्द समाधान निकालने का आश्वासन दिया। इसके बाद अतिथि अध्यापकों में उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय लिए जाने की उम्मीद बढ़ी है।
हालांकि, अभी सरकार की तरफ से गेस्ट टीचर्स को नियमित करने को लेकर कोई अंतिम आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई है। ऐसे में अब सभी की नजर सरकार के अगले कदम पर टिकी हुई है। अगर सरकार नियमितीकरण की दिशा में कोई बड़ा फैसला लेती है तो प्रदेश में लंबे समय से सेवाएं दे रहे हजारों गेस्ट टीचर्स को इसका लाभ मिल सकता है।

