बहादुरगढ़ क्षेत्र के गांव मांडौठी में मंगलवार शाम को हरियाणा पुलिस के सब इंस्पेक्टर ने अपनी पत्नी सरोज व 18 वर्षीय बेटी को गोली मारी दी। इस वारदात में बेटी की मौके पर ही मौत हो गई ,जबकि पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई ,जिन्हे उपचार के लिए पीजीआईएमएस रोहतक में भर्ती कराया है, घटना की सूचना मिलते ही आसौदा थाना प्रभारी बाबूलाल व मांडोठी चौकी प्रभारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए बहादुरगढ़ के नागरिक अस्पताल के शव गृह में रखवा दिया है। बताया जा रहा है कि ईएसआई ने वारदात के बाद खुद ही पुलिस को घटना की सूचना दी। पुलिस ने आरोपी संत कुमार को हिरासत में ले लिया है।
गांव मांडोठी निवासी संत कुमार सोनीपत जिला पुलिस में ईएसआई के पद पर कार्यरत है। फिलहाल वह खरखोदा के निकट सैदपुर नाके पर तैनात है। मंगलवार को वह मांडोठी स्थित अपने घर पर था। शाम के समय दरोगा ने घर पर अपनी 18 वर्षीय बेटी शताक्षी को गोली मार दी। शताक्षी के सिर में से गोली पार निकल गई। इसके बाद संत कुमार ने अपनी पत्नी सरोज पर भी गोली चला दी। सरोज ने बचने की कोशिश की लेकिन उसकी बाजू में गोली लग गई। सरोज चीखती हुई घर से बाहर भागी तो पड़ोसी इकट्ठे हो गए।
पड़ोसी घर में गए तो संत कुमार की बेटी फर्श पर पड़ी तड़प रही थी। पड़ोसियों ने शताक्षी को नागरिक अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टर ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घायल सरोज को पीजीआईएमएस रोहतक पहुंचाया, जहां उसकी हालत में सुधार बताया गया है। घटना के बाद आरोपी ने ही फोन करके पुलिस को सूचना दी। जब पुलिस पहुंची तो सब इंस्पेक्टर वहीं पर था। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने आरोपी सब इंस्पेक्टर को हिरासत में ले लिया पर हत्या की वजह अभी भी साफ नहीं हो पाई है।
ग्रामीणों का कहना है कि सब इंस्पेक्टर कुमार कई दिन से मानसिक रूप से अस्वस्थ होने के कारण घर पर ही थे। पहले भी उन्हें इस तरह की परेशानी हुई थी। इलाज के बाद कुछ सुधार हो गया था। मगर अब बेटी और पत्नी पर गोली क्यों, चलाई यह सवाल अभी सुलझ नहीं पाया है।आसौदा थाना प्रभारी बाबू लाल ने बताया कि आरोपी की घायल पत्नी के बयान दर्ज करने के लिए टीम रोहतक पीजीआई गई हुई है। बादली क्षेत्र एएसपी अमित यश वर्धन ने बताया कि अभी घटना की जांच की जा रही है।

