बीते दिनों से लगातार हो रही भारी बारिश के चलते नदियां उफान पर है, जिसके चलते के कई निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. बात करें प्रयागराज कि तो यहां भी गंगा का जलस्तर बढ़ते ही हालात बिगड़ने लगे हैं. कई इलाकों में पानी घरों तक पहुंच चुका है. लोग सामान समेटने और खुद को सुरक्षित जगह पहुंचाने में जुटे हैं. वहीं इसी बीच एक दरोगा साहब कभी बालकनी से छलांग लगाते दिखे, तो कभी डुबकी लगाकर गंगा मैया का जयकारा लगाते. यही नहीं, इन पलों को उन्होंने कैमरे में कैद कर सोशल मीडिया पर भी शेयर कर दिया, जो अब खूब वायरल हो रहा है और लोगों का ध्यान खींच रहा है
हम बात कर रहे हैं सब इंस्पेक्टर चंद्रदीप निषाद की, जिनका एक के बाद एक रील सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. जहां एक ओर लोग बाढ़ के पानी से जूझ रहे थे, वहीं चंद्रदीप निषाद ने अपने घर तक पहुंचे गंगा के पानी को ‘मां गंगा का आगमन’ मानकर स्वागत किया. फिर क्या था, कभी पूजन करते दिखे, कभी गले तक पानी में डुबकी लगाते और एक वीडियो में तो सीधे घर की बालकनी से छलांग लगाते नजर आए.
इन लम्हों को उन्होंने न सिर्फ कैमरे में कैद किया, बल्कि सोशल मीडिया पर शेयर भी कर दिया. वीडियो में वह श्रद्धा के साथ जल में उतरते नजर आते हैं और हर बार कैप्शन में ‘जय गंगा मैया’ लिखना नहीं भूलते. एक वीडियो में वह साफ तौर पर कहते हैं “मां गंगा की गोद में हूं, लेकिन कृपया आप ऐसा न करें, मैं राष्ट्रीय स्तर का तैराक रहा हूं.
SI चंद्रदीप निषाद प्रयागराज के दारागंज के मोरी गेट मोहल्ले में रहते हैं. सोशल मीडिया पर उनकी पहचान सिर्फ एक पुलिस अफसर की नहीं, बल्कि एक क्रिएटिव कंटेंट क्रिएटर की भी बन गई है. फेसबुक, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर उनके हजारों फॉलोअर्स हैं. वह अपने सभी सोशल मीडिया हैंडल्स पर वीडियो शेयर करते है जिसे लोग काफी पसंद करते हैं.
उनकी प्रोफाइल बताती है कि वे सब इंस्पेक्टर हैं और अब तक विजिलेंस यूनिट, हाईकोर्ट सिक्योरिटी, एसटीएफ, क्राइम ब्रांच जैसे कई अहम विभागों में काम कर चुके हैं. पढ़ाई लखनऊ यूनिवर्सिटी और आरआरआईसी, इलाहाबाद से की है. अब वर्दी के साथ-साथ कैमरा भी उनके व्यक्तित्व का अहम हिस्सा बन गया है.
हालांकि कई लोग उनके इस अंदाज को ‘आस्था और साहस का मेल’ कहकर सराह रहे हैं, लेकिन सोशल मीडिया पर एक हिस्सा ऐसा भी है जो इस पर सवाल खड़े कर रहा है. कुछ यूजर्स ने इसे जिम्मेदारी से परे बताया है. एक कमेंट में लिखा गया, “जब लोग बाढ़ से जूझ रहे हैं, तब पुलिस अधिकारी का इस तरह वीडियो बनाना क्या शोभा देता है?” वहीं एक अन्य यूजर ने चुटकी ली- “तैराकी करना ठीक है, लेकिन क्या ये नया तरीका है आस्था दिखाने का?”
फिलहाल चंद्रदीप निषाद के वीडियो चर्चा में हैं. कुछ के लिए वे गंगा भक्त हैं, तो कुछ के लिए एक सोशल मीडिया क्रिएटर. चंद्रदीप निषाद के इस कदम ने एक ओर जहां उनकी आस्था को दर्शाया, वहीं बाढ़ की गंभीरता को भी उजागर किया. यह घटना न केवल उनकी निजी श्रद्धा को दिखाती है, बल्कि उस सामाजिक और पर्यावरणीय चुनौती की ओर भी इशारा करती है, जिसका सामना उत्तर प्रदेश के कई हिस्से कर रहे हैं.
