यमुनानगर में अब अपराध की दुनिया ने डिजिटल प्लेटफार्म पर अपनी जड़ें जमा ली हैं। स्थानीय पुलिस द्वारा हाल ही के दिनों में फायरिंग की घटनाओं में शामिल कई आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, लेकिन गैंगस्टर अब इंस्टाग्राम के जरिए न केवल अपनी आपराधिक गतिविधियों का प्रचार कर रहे हैं, बल्कि पुलिस को खुलेआम चुनौती भी देते नज़द आ रहे हैं।
इसके साथ, कुछ अकाउंट्स पर अवैध हथियार जैसे- देसी कट्टे और पिस्टल की भी खुली बिक्री की जा रही है, जिसके कारण पुलिस के लिए चुनौतियां और बढ़ गई हैं।सोशल मीडिया पर उनकी सक्रियता और हथियारों की बिक्री ने स्थिति को जटिल बना दिया है पुलिस ने हाल के महीनों में कई बदमाशों की भी गिरफ़्तारी की है |
गैंगस्टरों के मुख्य सोशल मीडिया अकाउंट बंद होने के बावजूद अपराधियों ने नए अकाउंट बनाकर अपनी गतिविधियाँ जारी रखी हैं। गैंगस्टर वेंकट गर्ग ने सितंबर में सढौरा स्थित एक इमिग्रेशन एजेंट के घर पर हुई फायरिंग के बाद नई इंस्टाग्राम आईडी वेंकट गर्ग नारायणगढ़ बनाई थी। यह अकाउंट फिलहाल पूरी तरह सक्रिय है।
काला राणा ग्रुप’ नाम से चल रहा अकाउंट युवाओं को अपराध की ओर आकर्षित करने के लिए लगातार पोस्ट और स्टोरीज़ शेयर कर रहा है। जांच में सामने आया कि कुछ अन्य अकाउंट्स—जैसे टीनू, सज्जन सिंह एमपी 321 और एमपी गन सप्लायर—सोशल मीडिया पर खुलेआम अवैध हथियार बेचने का काम कर रहे हैं।
इन अकाउंट्स पर लगातार स्टोरीज़ डालकर देसी कट्टे और पिस्तौल की बिक्री का प्रचार किया जा रहा है। संपर्क साधने के लिए विदेशी मोबाइल नंबर भी साझा किए जा रहे हैं। यह केवल कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती नहीं है, बल्कि युवाओं को अपराध की ओर धकेलने की खतरनाक कोशिश भी है।
सितंबर में यमुनानगर के मॉडल टाउन और लाडवा स्थित शराब के ठेकों के बाहर हुई फायरिंग की जिम्मेदारी काला राणा ग्रुप के इंस्टाग्राम अकाउंट से गैंगस्टर नोनी राणा ने ली थी। इस मामले में यमुनानगर पुलिस ने एक बदमाश का एनकाउंटर कर उसे मार गिराया, जबकि कुरुक्षेत्र पुलिस ने एक अन्य आरोपी को पैर में गोली मारकर दबोच लिया।
फायरिंग की जिम्मेदारी लेने के बाद इसी गैंगस्टर अकाउंट से पुलिस को अंजाम भुगतने की धमकी भी दी गई। यह अकाउंट जून में बनाया गया था, जिसे पुलिस अब तक बंद नहीं करा सकी। नतीजतन, अकाउंट पूरी तरह सक्रिय है और फिलहाल इसे 216 यूज़र्स फॉलो कर रहे हैं।
यमुनानगर के एसपी कमलदीप गोयल ने कहा कि पुलिस सोशल मीडिया पर हो रही आपराधिक गतिविधियों पर लगातार निगाह बनाए हुए है। हाल ही में फायरिंग की जिम्मेदारी लेने वाले दो अकाउंट्स को बंद कराने के लिए संबंधित प्लेटफॉर्म्स से संपर्क किया गया था। अब यह भी जांच की जाएगी कि ये अकाउंट्स अब तक निष्क्रिय क्यों नहीं हुए। एसपी ने साफ कहा कि ऐसे अकाउंट्स को जल्द सस्पेंड कराया जाएगा और अपराध किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

