रोहतक में 16 मार्च के बाद जिले में तीन केस मिल चुके,कोरोना संक्रमण को लेकर स्वास्थ्य विभाग का अलर्ट, अस्पतालों में डॉक्टर और स्टाफ नहीं लगा रहा मास्क। हरियाणा में कोरोना के बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अलर्ट किया है। इसमें सभी जगहों पर मास्क लगाने के आदेश दिए हैं। वहीं बुजुर्गों का ऑक्सीजन लेबल भी जांचने के आदेश हैंं। इन सबके बाद भी बाजार और सार्वजनिक स्थान तो छोड़िए अस्पताल में भी मॉस्क के नियम का पालन नहीं हो रहा है। यहां न तो चिकित्सक मास्क लगा रहे और न मरीज । तीसरी लहर कमजोर पड़ने के बाद जिले में वर्ष 2022 में 19 दिसंबर को आखिरी केस मिला था। अब 16 मार्च के बाद से तीन केस मिल चुके हैं।
रोहतक पीजीआई की एमरजेंसी में इलाज करवाने के लिए पहुंचे मरीज और जांच करते हुए डाॅक्टर, किसी ने मॉस्क नहीं लगाया है। ये हाल है शहर के सबसे बड़े अस्पताल पीजीआई का। जहां सरकार की ओर से सभी को कोरोना से सतर्क करने का अल्टीमेटम दिया जा रहा है तो वहीं अस्पताल ही लापरवाह है।
सीएमओ डॉ. अनिल बिरला ने बताया कि कोरोना के खतरे के बीच स्वास्थ्य विभाग ने गाइडलाइन जारी की है। बचाव के लिए मास्क लगाना जरूरी है। उन्होंने अस्पतालों में किसी भी तरह की परेशानी लेकर आने वाले बुजुर्गों का ऑक्सीजन लेवल चेक करना जरूरी है। क्योंकि कोरोना की पिछले लहर के दौरान बुजुर्गों को अधिक परेशान होना पड़ा था। इनको कोरोना के हल्के लक्षण होने पर सांसों पर संकट हो सकता है। अधिकतर बुजुर्गों को पहले ही सांस की दिक्कत होती है।

