पहाड़ों पर हुई बर्फबारी के मैदानी इलाकों में ठंड और बढ़ गई है। इससे सुबह और शाम के समय ठंड बढ़ गई है। वहीं दिन के समय सूर्य की तपिश बनी हुई है। इससे दिन और रात के तापमान में अंतर दोगुना हो गया है। वहीं हरियाणा में पश्चिमी विक्षोभ का असर खत्म हो गया है।
विक्षोभ के कारण नमी बढ़ने से सुबह के समय आज मैदानी एरिया में धुंध देखने को मिली। वहीं मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आज से उत्तरी-पश्चिमी हवाएं एक बार फिर से चलेगी। इससे रात के तापमान में और गिरावट देखी जाएगी। बता दें कि दो दिन पहले हिसार, सिरसा और फतेहाबाद में मौसम बदला और गरज-चमक के साथ बारिश शुरू हो गई थी। इससे कारण मौसम में बदलाव हुआ है।
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ का असर 5 नवंबर तक ही था। हरियाणा में 6 नवंबर से 9 नवंबर के दौरान मौसम खुश्क रहने की संभावना है। इस दौरान फिर से उत्तर और उत्तर पश्चिमी हवाएं हल्की से मध्यम गति से चलेंगी। जिससे दिन के तापमान में हल्की बढ़ोतरी होने, जबकि रात्रि तापमान में हल्की गिरावट की संभावना है।
हरियाणा में हिसार की रात सबसे ठंडी रही। हिसार में न्यूनतम तापमान बुधवार को 14.2 डिग्री दर्ज किया जो सामान्य से 1.1 डिग्री कम रहा। वहीं महेंद्रगढ़ और नारनौल में तापमान 14.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया था। जींद में तापमान 15.9, सिरसा में तापमान 15.5 और कैथल में 15.2 डिग्री दर्ज किया गया।
वहीं अधिकतम तापमान की बात करें तो करनाल में सबसे अधिक 33 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। वहीं अधिकांश जिलों में तापमान 29 से 30 डिग्री के बीच दर्ज किया गया।
