रोहतक के चर्चित जाट अखाड़ा हत्याकांड में आज कोर्ट द्वारा 2 दोषियों को सजा सुनाई जाएगी। इससे पहले 19 फरवरी को दोनों आरोपियों को कोर्ट ने दोषी करार दे दिया था। पीड़ित पक्ष द्वारा दोनों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए अपील की जाएगी। दोषी करार दिए गए दोनों आरोपियों में गोलियां मारकर कत्ल करने वाला कोच और उसे हथियार सप्लाई करने वाला शामिल है।
रोहतक में एएसजे डॉ. गगनगीत कौर की कोर्ट द्वारा इस मामले में सजा सुनाई जाएगी। जाट कॉलेज अखाड़ा में 12 फरवरी 2021 को 6 लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में दोषी करार दिए आरोपियों में सोनीपत जिले के बरोदा का रहने वाला कुश्ती कोच सुखविंदर और उत्तर प्रदेश जिला मुजफ्फरनगर के गांव राजपुर छाजपुर का रहने वाला पूर्व फौजी मनोज है।
पीड़ित पक्ष के एडवोकेट जय हुड्डा ने बताया कि जाट कॉलेज अखाड़ा हत्याकांड 12 फरवरी 2021 को हुआ था। उस दिन 7 लोगों को गोली मारी गई थी। मुख्य कोच मनोज मलिक, उनकी पत्नी साक्षी मलिक, गांव मांडोठी निवासी कोच सतीश, गांव मोखरा निवासी प्रदीप व महिला पहलवान यूपी के मथुरा निवासी पूजा तोमर की मौके पर ही मौत हो गई थी।
मनोज के बेटे करीब 2 वर्षीय सरताज ने बाद में दम तोड़ दिया था। अखाड़े के बाहर गोली लगने से घायल हुए निडाना निवासी अमरजीत को गंभीर हालत में गुरुग्राम ले जाया गया था। यहां उनकी जान बच गई थी। तभी से जिला अदालत में केस की सुनवाई चल रही थी। पीड़ित पक्ष के वकील जय हुड्डा ने बताया कि सुखविंदर व मनोज दोनों को कोर्ट ने दोषी करार दे रखा है। अब उन्हें सजा सुनाई जाएगी।
हत्याकांड के पीछे ये 5 वजह थीं…
1. मनोज-साक्षी ने आरोपी कोच को अखाड़े में आने से रोका था
2. प्रदीप मलिक की सतीश से नजदीकियां खटकी
3. कोच सतीश दलाल से रखता था मनमुटाव
4. खिलाड़ी पूजा तोमर ने की थी शिकायत
5. अमरजीत के कोच बनने से रखता था रंजिश
वारदात वाली शाम सुखविंदर ने अमरजीत को मेहर सिंह अखाड़े से फोन करके बुलाया था और उसे गोली मार दी थी। गोली मुंह से आर-पार हो गई थी। करीब 10 दिन के इलाज के बाद वह सकुशल घर लौट गए थे।

