त्यौहार के दिनों में जहाँ एक तरफ लोग खुशियाँ मना रहे हैं वहीं में एक घर ऐसा भी है जिसमें माता लक्ष्मी व खुशियाँ के आने की जगह मुश्किलों ने डेरा दाल लिया है। जो घर कल रात तक आलिशान था वो घर आज सुबह मात्र 5 से 10 सेकंड में खंडहर में तब्दील हो गया। जी हाँ आज सुबह रोहतक की एकता कॉलोनी में 6:30 बजे के लगभग एक जोरदार धमाका हुआ जिसे लगभग आधे से एक किलोमीटर तक महसूस किया गया और कुछ ही सेकंड में पूरे घर के परखच्चे उड़ गए
रोहतक शहर की एकता कॉलोनी में बुधवार सुबह भीषण हादसा हुआ। एक मकान में सिलेंडर फट गया। इससे दीवार व छत उड़ गई। हादसे में 2 बच्चों समेत 7 लोगों को गंभीर चोटें आईं, जिन्हें रोहतक PGI में भर्ती करवाया गया है। सिलेंडर का धमाका इतना तेज था कि करीब एक किलोमीटर दूर तक आवाज सुनाई दी। मकान पूरी तरह से खंडहर में तब्दील हो गया और आसपास के मकानों में भी दरार आ गई है। हादसे की सूचना मिलते ही शिवाजी कॉलोनी थाना पुलिस व फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर पहुंची। फिलहाल इस मामले में जांच की जा रही है।
प्राथमिक सूचना के आधार पर मकान में गर्म पानी के लिए गैस गीजर लगाए हुए थे। गैस गीजर के लिए लगाए गए सिलेंडर में धमाका हुआ है। हादसे में कुल 7 लोग घायल हुए हैं। घायलों की पहचान एकता कॉलोनी निवासी 33 वर्षीय विशाल, उसकी पत्नी 30 वर्षीय शिल्पा, बेटा 8 वर्षीय रेहान व 1 वर्षीय रेवन के रूप में हुई है। मकान में ऊपर रह रही 16 वर्षीय प्रीति, 20 वर्षीय उपासना व 18 वर्षीय पार्थिव को भी चोटें लगी हैं।
जिस घर में धमाका हुआ है, वह ही क्षतिग्रस्त नहीं हुआ, बल्कि आसपास के मकानों को भी नुकसान पहुंचा है। मकान की दीवार और छत गिर गई। वहीं आसपास के मकानों की दीवार भी गिर गई। पड़ोस में एक कार भी खड़ी हुई थी, जो धमाके के कारण क्षतिग्रस्त हो गई। जैसे ही सिलेंडर फटने का धमाका हुआ तो आसपास ही नहीं, दूर तक के लोग सहम उठे। करीब 1 किलोमीटर तक धमाके की आवाज सुनी गई। जैसे ही आसपास के लोगों ने धमाका सुना तो वे दौड़कर घरों से बाहर निकले। उन्होंने मकान की हालत देखी तो हादसे का पता लगा।
घटना की सूचना पर शिवाजी कॉलोनी थाना प्रभारी शमशेर सिंह और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू कर दी। एसएचओ शमशेर सिंह का कहना है कि घर में सिलेंडर ब्लास्ट हुआ है। जिसकी वजह से सात लोग घायल हुए हैं, जिनका इलाज पीजीआई में चल रहा है।

