गुरुग्राम में लगातार हुई बारिश के बाद शहर की कई प्रमुख सड़कों पर भारी जलभराव और लंबे ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई। सुबह से ही हजारों वाहन सड़कों पर घंटों फंसे रहे, जिससे लोगों को दफ्तर पहुंचने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
हालात को देखते हुए कई निजी कंपनियों ने अपने कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम की सुविधा दे दी। वहीं, गुरुग्राम पुलिस ने एडवाइजरी जारी करते हुए लोगों से अपील की है कि बहुत जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकलें और ट्रैफिक नियमों का पालन करें।
प्रशासन की टीमें जलभराव वाले इलाकों से पानी निकालने और यातायात को सामान्य करने में जुटी हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ घंटों में भी बारिश की संभावना बनी हुई है, इसलिए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
गुरुग्राम में लगातार हो रही तेज बारिश ने एक बार फिर शहर की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया है। जलभराव और भारी ट्रैफिक जाम के कारण शहर की व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए गुरुग्राम पुलिस ने निजी कंपनियों के लिए वर्क फ्रॉम होम की एडवाइजरी जारी की है।
पुलिस प्रशासन का मानना है कि यदि लोग घरों में रहेंगे, तो सड़कों पर वाहनों का दबाव कम होगा और जलभराव के बीच लगने वाले भीषण जाम से राहत मिल सकेगी। अभी भी शहर के कई इलाकों में रुक-रुक कर बारिश का दौर जारी है, जिससे मुश्किलें और बढ़ गई हैं। ट्रैफिक पुलिस के आला अधिकारियों ने सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों से अपील की है कि वे बेहद जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें।
पुलिस का कहना है कि जब तक सड़कों से पानी पूरी तरह नहीं निकल जाता, तब तक वाहनों की सामान्य आवाजाही संभव नहीं है। अगर कंपनियां वर्क फ्रॉम होम लागू करती हैं, तो सड़कों पर वाहनों की संख्या में भारी कमी आएगी। इससे ट्रैफिक पुलिस को जाम खुलवाने और फंसे हुए वाहनों को निकालने में मदद मिलेगी
इस आपदा ने एक बार फिर शहर के ड्रेनेज सिस्टम और प्रशासनिक तैयारियों की पोल खोल कर रख दी है। करोड़ों रुपये खर्च करने के बाद भी शहर का पानी निकालने का कोई पुख्ता इंतजाम नजर नहीं आया। मौसम विभाग के अनुसार, अभी भी गुरुग्राम और उसके आस-पास के इलाकों में बारिश का सिलसिला थमा नहीं है।
आने वाले घंटों में और बारिश होने की संभावना जताई गई है। ऐसे में यदि प्रशासन ने मुस्तैदी नहीं दिखाई, तो आने वाले दिनों में गुरुग्राम की रफ्तार पूरी तरह थम सकती है। फिलहाल, शहरवासियों को घरों में रहने और ट्रैफिक अपडेट देखकर ही निकलने की सलाह दी गई है।
गुरुग्राम में बारिश के बाद जो तस्वीरें सामने आईं, वे बेहद डराने वाली थीं। दफ्तरों से घर लौटने वाले लोग आधी रात तक सड़कों पर फंसे रहे। स्थिति इतनी बदतर थी कि कामकाजी लोगों को अपने ऑफिस से घर पहुंचने में पांच से छह घंटे का लंबा समय लग गया।
दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर से लेकर शहर के अंदरूनी रास्तों तक हर तरफ गाड़ियों की लंबी कतारें नजर आईं। जलभराव के कारण गाड़ियां रेंगती रहीं और कई वाहन बीच सड़क पर ही खराब हो गए, जिससे स्थिति और ज्यादा गंभीर हो गई। भूख-प्यास से बेहाल लोग घंटों तक अपनी गाड़ियों में कैद रहने को मजबूर रहे।
